
इजरायल-ईरान की हवाई जंग के बीच फंसे ये 3 देश... तनाव से दुनिया पर मंडराया खतरा
AajTak
ईरान और इजरायल के तनाव से अब बड़ी जंग का खतरा बढ़ता जा रहा है. ईरान और इजरायल के बीच काफी दूरी है और दोनों के बीच तीन देश पड़ते हैं. ऐसे में अगर किसी को भी एक-दूसरे पर हमला करना है तो इनके ऊपर से ही गुजरना होगा.
ईरान और इजरायल के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है. ईरान ने 13 अप्रैल की आधी रात को इजरायल पर हमला किया था. लगभग एक हफ्ते बाद इजरायल ने भी ईरान पर जवाबी हमला किया है. हालांकि, ईरान ने इजरायली हमले की खबरों को खारिज किया है. जबकि, इजरायल की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है.
इससे पहले अमेरिकी अधिकारियों ने ईरान पर इजरायली हमला होने का दावा किया था. दावा किया जा रहा था कि इजरायल ने ईरान के कई अहम ठिकानों पर हवाई हमला किया है. सबसे ज्यादा नुकसान ईरानी शहर इस्फहान में पहुंचा है. ईरान के लिहाज से इस्फहान काफी अहम शहर है, क्योंकि यहीं उसका न्यूक्लियर प्लांट भी है.
अमेरिकी अखबार न्यूयॉर्क टाइम्स से तीन ईरानी अधिकारियों ने इस्फहान के पास मिलिट्री एयरबेस पर हमला होने की पुष्टि की है. वहीं, ईरान की स्पेस एजेंसी के प्रवक्ता हुसैन दलीरियन ने तीन इजरायली ड्रोन को मार गिराने दावा किया है.
इस बीच सीरिया की स्थानीय मीडिया ने भी देर रात उसके एयर डिफेंस सिस्टम से इजरायली मिसाइल टकराने का दावा किया है. इराक के यहां भी इजरायली मिसाइल गिरने का दावा किया जा रहा है. हालांकि, अमेरिका ने सीरिया और इराक में मिसाइल हमला होने की पुष्टि नहीं की है.
बहरहाल, इन सबके बीच अब मध्य पूर्व में एक और नया युद्ध छिड़ने का खतरा भी बढ़ गया है. क्योंकि ईरान और इजरायल के बीच में और भी कई देश आते हैं. ऐसे में इन दो देशों के तनाव में ये देश भी पिस रहे हैं. माना जा रहा है कि अगर बात बिगड़ती है तो मध्य पूर्व में हालात बद से बदतर हो सकते हैं.
ईरान-इजरायल के बीच पिसते ये देश

जम्मू कश्मीर और लद्दाख के कई इलाकों में जल्द ही मौसम में बदलाव होने वाला है. कश्मीर में अगले दो दिनों के लिए बर्फबारी का अलर्ट जारी किया गया है, जिससे क्षेत्र के रास्तों में और दैनिक जीवन में असर पड़ने की संभावना है. लोगों को मौसम की जानकारी पर नजर रखने और सावधानीपूर्वक व्यवहार करने की सलाह दी जा रही है. भारी बर्फबारी से यातायात बाधित हो सकता है और स्थानीय प्रशासन ने आपात स्थिति का ध्यान रखते हुए तैयारी की है.

युवराज की मौत, 3000 करोड़ बकाया और बिल्डर–प्राधिकरण की लापरवाही... नोएडा हादसे के पीछे की पूरी कहानी
नोएडा सेक्टर-150 में 27 वर्षीय इंजीनियर युवराज की मौत के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है. जिसके मुताबिक, FIR में नामजद बिल्डर पर 3000 करोड़ का बकाया है. लगातार शिकायतों के बावजूद नोएडा प्राधिकरण की लापरवाही भी सामने आई है. अब इस मामले की जांच में CBI-ED की एंट्री भी हो गई है.

13 जनवरी को अमेरिका ने ईरान पर हमले की पूरी तैयारी कर ली थी. ट्रंप ने कई विकल्पों पर विचार कर हमले की तैयारी के आदेश दे दिए थे. लेकिन ट्रंप का अंतिम आदेश आता उससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति के पास दो अहम कॉल आए. एक इजरायल के पीएम का और दूसरा सऊदी क्राउन प्रिंस सलमान का. इसके बाद ट्रंप को पीछे हटना पड़ा.

गुजरात में सरकार के तीन साल पूरे होने के बाद जनता का मिजाज क्या है, इसे लेकर WeePreside और CIF के राज्यव्यापी सर्वे के शुरुआती आंकड़े सामने आए हैं. 40 हजार से ज्यादा लोगों से बातचीत पर आधारित इस सर्वे में बीजेपी की बढ़त बरकरार दिखती है जबकि AAP दूसरे नंबर पर उभरती नजर आती है और कांग्रेस पीछे चल रही है.

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए चुनाव होने वाला है. कार्यकारिणी अध्यक्ष नितिन नबीन ने आज इस पद के लिए अपना नामांकन दाखिल किया. इस घोषणा के बाद दिल्ली में भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच तेज़ हलचल देखने को मिली है. नितिन नबीन की बहन ने आजतक से बातचीत में क्या बताया? देखें वीडियो.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नोबेल शांति पुरस्कार न मिलने पर अपनी निराशा व्यक्त करते हुए नॉर्वे के प्रधानमंत्री को एक पत्र लिखा है. पत्र का कुछ हिस्सा लीक हो गया है जिससे पता चला है कि ट्रंप शांति पुरस्कार न मिलने से झुंझलाए हुए हैं. वो कह रहे हैं कि दुनिया की शांति उनकी जिम्मेदारी नहीं है और वो ग्रीनलैंड को किसी भी तरह से अपने कब्जे में करेंगे.

वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने लंबित मामलों और सुनवाई केंद्रों की कमी पर चिंता जताई. कोर्ट ने 'लॉजिकल डिस्क्रेपेंसी' के आधार पर मतदाताओं के नाम हटाने पर कड़ी टिप्पणी की और सूची सार्वजनिक करने का निर्देश दिया. टीएमसी सांसद ने राजनीतिक दलों के BLAs को सुनवाई से दूर रखने का आरोप लगाया. चुनाव आयोग ने सफाई दी कि नाम हटाने का फैसला नहीं हुआ है. सुनवाई जारी है.

ग्रेटर नोएडा हादसे के चश्मदीद मनिंदर ने दावा किया कि युवराज को बचाने की कोशिश के बाद उन्हें पांच घंटे तक थाने में बैठाए रखा गया. मनिंदर का कहना है कि उन्होंने जो देखा, जो किया वही फिर से पुलिस वालों को बताया. वह कहते हैं कि इसके बाद भी उन्हें अपनी जान को खतरा महसूस हो रहा है. उनका आरोप है कि बड़े बिल्डर खुद को बचाने के लिए कुछ भी कर सकते हैं.





