
आज का दिन: किन मुद्दों पर वोट डाल रहा है गोवा, क्या यहां कमाल दिखा पाएंगी छोटी पार्टियां?
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गोवा में विधानसभा की सभी 40 सीटों के लिए मतदान जारी है. मतदान के बाद 301 उम्मीदवारों की किस्मत इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) में कैद हो जाएगी. यूक्रेन को लेकर बाइडेन और पुतिन की तनातनी में नया मोड़ आ गया है. सुनिए 'आज का दिन' में अमन गुप्ता के साथ.
उत्तरप्रदेश में आज दूसरे चरण की वोटिंग शुरू हो गई है. 9 ज़िलों की पचपन सीटों के लिए विधायक चुनने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. इसके अलावा उत्तराखंड और गोवा में भी आज वोटिंग है. गोवा में सभी चालीस सीटों के लिए वोटिंग हों रही है. गोवा पोलिटीक्स पिछले काफी दिन से चर्चा में भी रही अपने बदले समीकरणों के कारण. मनोहर पर्रिकर के बेटे उत्पल का बीजेपी से अलग हो कर लड़ना हो या एनसीपी, शिवसेना , टीएमसी जैसे दलों की इन चुनावों में दावेदारी हो. तमाम दलबदल भी हुए ही हैं. बीजेपी छोड़ कांग्रेस में जाते विधायको की खबरें आई तो कुछ कांग्रेस के लोग भी बीजेपी में गए. शनिवार को आए एक स्टिंग वीडियो ने और माहौल गर्म कर दिया था. दरअसल उस वीडियो में कांग्रेस और टीएमसी के कुछ विधायक दिख रहे हैं जो चुनाव बाद पार्टी बदलने की बात कहते दिख रहे हैं. चुनाव आयोग ने इस वीडियो के जांच के आदेश दिए हैं. लेकिन ये मामला अब तक गोवा की राजनीति में सनसनी बना हुआ है. और इन सब के बीच आज वोटिंग है. अब तक के चुनाव प्रचार और तमाम घटनाक्रम का लब्बोलुआब क्या रहा और आज हो रही वोटिंग में किन मुद्दों और किन फ़ैक्टर्स का प्रभाव ज्यादा दिखेगा? छोटे छोटे दलों का असर कितना है इलेक्टोरली गोवा की पॉलिटिक्स में?

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

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AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.










