
अब भी फंसे हैं कई यात्री, आर्मी भी रेस्क्यू में जुटी, भुवनेश्वर तक के हॉस्पिटल अलर्ट... बालासोर ट्रेन हादसे के 10 बड़े अपडेट्स
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ओडिशा के बालासोर में हुए भीषण ट्रेन हादसे में ढाई सौ से अधिक यात्रियों की जान जा चुकी है. इस हादसे में 900 से अधिक लोग घायल हुए हैं. हादसा कैसे हुआ? हादसे से लेकर रेस्क्यू और अब तक का घटनाक्रम क्या है
पश्चिम बंगाल के हावड़ा से चेन्नई जाने वाली कोरोमंडल एक्सप्रेस 2 जून की शाम 3.30 बजे रवाना हुई. तब शायद ही किसी ने ये कल्पना भी की हो कि कुछ ही घंटों में भीषण हादसे की खबर आ जाएगी. कोरोमंडल एक्सप्रेस ओडिशा के बालासोर में हादसे का शिकार हो गई. बालासोर के बहनागा बाजार स्टेशन पर तीन ट्रेनों की भीषण टक्कर में 200 से अधिक लोगों की जान चली गई जबकि सैकड़ों की तादाद में लोग घायल भी हुए हैं.
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव मौके पर पहुंचे और अधिकारियों से हादसे को लेकर जानकारी ली. रेल मंत्री ने इस हादसे में जान गंवाने वाले यात्रियों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है. अश्विनी वैष्णव ने रेल हादसे के बाद रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए टाटा समेत कई जगह से टीमों के मूव करने की जानकारी दी और कहा कि इस समय हमारी प्राथमिकता रेस्क्यू है. उन्होंने ये भी कहा कि घायलों को बढ़िया से बढ़िया उपचार उपलब्ध कराया जाएगा. रेल मंत्री ने कहा कि उच्च स्तरीय जांच के आदेश पहले ही दे दिए हैं.
कैसे हुआ हदसा
रेल पटरी पर तेज रफ्तार से दौड़ती कोरोमंडल एक्सप्रेस चेन्नई की ओर जा रही थी. कोरोमंडल एक्सप्रेस बालासोर स्टेशन के करीब बहनागा बाजार स्टेशन के पास हादसे का शिकार हो गई. बताया जा रहा है बहानगा बाजार स्टेशन के पास आउटर पर मालगाड़ी खड़ी थी. हावड़ा से चेन्नई जा रही कोरोमंडल एक्सप्रेस के कुछ डिब्बे बहानगा बाजार स्टेशन से करीब 300 मीटर पहले पटरी से उतर गए.
कोरोमंडल एक्सप्रेस का इंजन पटरी से उतरने के बाद आउटर पर खड़ी मालगाड़ी पर चढ़ गया. ट्रेन की सबसे पीछे की बोगी तीसरे ट्रैक पर जा गिरी. बताया जाता है कि इसी बीच तीसरे ट्रैक पर यशवंतपुर एक्सप्रेस आ गई. यशवंतपुर एक्सप्रेस तीसरे ट्रैक पर पड़े दुर्घटनाग्रस्त कोरोमंडल एक्सप्रेस के डिब्बे से जा टकराई. तीन ट्रेनों की इस टक्कर में ढाई सौ अधिक लोगों की मौत हो गई है. 900 से अधिक लोग घायल भी हुए हैं.
घंटों बाद भी रेस्क्यू जारी

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