
INDIA गठबंधन को संयोजक की फिलहाल जरूरत नहीं, मुंंबई बैठक के बाद बोले उद्धव ठाकरे
AajTak
मुंबई में विपक्षी इंडिया गठबंधन की दो दिवसीय बैठक हुई. इस दौरान विपक्षी गठबंधन ने मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा. इस बैठक में गठबंधन के सदस्य दलों के बीच 2024 का लोकसभा चुनाव मिलकर लड़ने पर सहमति बनी. साथ में 13 सदस्यीय कोऑर्डिनेशन कमेटी का भी गठन किया गया.
मुंबई में विपक्षी INDIA गठबंधन की दो दिवसीय बैठक के बाद शिवसेना (यूबीटी) के अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने गठबंधन के संयोजक (Convener) को लेकर बड़ी बात कही. उन्होंने कहा कि फिलहाल गठबंधन को संयोजक की कुछ खास जरूरत नहीं है. हमने आपसी सहमति से 13 सदस्यीय कोऑर्डिनेशन कमेटी का गठन किया गया है.
उद्धव ने कहा कि इस कमेटी के सदस्य गठबंधन से जुड़े मुद्दों पर फैसला करेंगे और अपनी-अपनी पार्टी के नेताओं को इससे वाकिफ कराएंगे. इस कोऑर्डिनेशन कमेटी में कांग्रेस से केसी वेणुगोपाल, एनसीपी के शरद पवार, डीएमके के एमके स्टालिन, शिवसेना से संजय राउत, आरजेडी के तेजस्वी यादव, टीएमसी के अभिषेक बनर्जी, आप के राघव चड्ढा, सपा से जावेद खान, जदयू से लल्लन सिंह, जेएमएम के हेमंत सोरेन, डी राजा, एनसी के उमर अब्दुल्ला और पीडीपी की महबूबा मुफ्ती को शामिल किया गया है.
सीट बंटवारे पर जल्द होगी चर्चा
इस बैठक में 2024 का लोकसभा चुनाव एनडीए के खिलाफ लड़ने का संकल्प लिया गया है. हालांकि, बैठक में गठबंधन के साझेदार दलों के बीच सीट बंटवारे पर कोई सहमति नहीं बन पाई है लेकिन कहा गया है कि जल्द ही राज्यों में सीट बंटवारे को लेकर चर्चा शुरू की जाएगी. इस दौरान गठबंधन का स्लोगन 'जुड़ेगा भारत, जीतेगा इंडिया' भी जारी किया गया.
बता दें कि मुंबई में 31 अगस्त और एक सितंबर को हुई विपक्षी गठबंधन की बैठक में विपक्षी सदस्यों ने जमकर मोदी सरकार पर निशाना साधा. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि मैं जब लद्दाख गया था तो मैंने वहां खुद चीनियों को देखा. लद्दाख के स्थानीय लोगों ने मुझे बताया कि चीन पर पीएम झूठ बोल रहे हैं. चीन ने हमारी जमीन कब्जा ली है.
मुंबई बैठक को संबोधित करते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने कहा कि जो दल आज मंच पर है, वे देश के 60 फीसदी लोगों का प्रतिनिधित्व करते हैं. हमारे बीच अब सीट बटंवारे पर चर्चा होगी. अगर विपक्ष एकजुट है तो बीजेपी का जीतना मुश्किल है. इस देश में एक कारोबारी और पीएम के बीच साठगांठ है.

दिल्ली के रूप नगर में 33 साल पुराना लोहे का फुट ओवरब्रिज मंगलवार सुबह गिर गया, जिसमें एक महिला की जान चली गई. यह पुल पहले से ही असुरक्षित घोषित था और जुलाई 2025 से बंद था, फिर भी लोग इसका इस्तेमाल कर रहे थे. सिंचाई मंत्री परवेश साहिब सिंह ने हादसे की जांच के लिए 3 सदस्यों की कमेटी बनाई है और 48 घंटे में रिपोर्ट मांगी है. साथ ही दिल्ली के सभी पुराने पुलों की जांच के आदेश दिए गए हैं.












