
Hot Seat: अरुणाचल पश्चिम सीट से भाजपा के किरेन रिजिजू तीसरी बार जीत सकते हैं चुनाव
AajTak
2019 में रिजिजू ने अरुणाचल पश्चिम से नबाम तुकी को 1.74 लाख से अधिक मतों के बड़े अंतर से हराया था. रिजिजू 2014 के लोकसभा चुनावों में भी विजयी हुए थे, जब उन्होंने कांग्रेस के ताकम संजय को 41,738 मतों के अंतर से हराया था. 2009 के लोकसभा चुनावों में रिजिजू को संजय ने हराया था.
केंद्रीय मंत्री और भाजपा नेता किरेन रिजिजू लगातार तीसरी बार अरुणाचल पश्चिम लोकसभा सीट पर कब्जा जमा सकते हैं. उनके सामने कांग्रेस के नबाम तुकी हैं, जो राज्य के मुख्यमंत्री रह चुके हैं. इंडिया टुडे एक्सिस माई इंडिया एग्जिट पोल के अनुसार, किरेन रिजिजू की जीत की संभावना बहुत ज्यादा है.
अरुणाचल पश्चिम में पूरा तवांग, पश्चिम कामेंग, पूर्वी कामेंग, पापुम पारे, लोअर सुबनसिरी, कुरुंग कुमे, ऊपरी सुबनसिरी और पश्चिम सियांग जिले शामिल हैं. लोकसभा क्षेत्र में 33 विधानसभा क्षेत्र शामिल हैं. इंडिया टुडे-एक्सिस माई इंडिया एग्जिट पोल सभी 543 संसदीय क्षेत्रों में किए गए 5.8 लाख इंटरव्यू पर आधारित है.
2019 में रिजिजू ने अरुणाचल पश्चिम से नबाम तुकी को 1.74 लाख से अधिक मतों के बड़े अंतर से हराया था. रिजिजू 2014 के लोकसभा चुनावों में भी विजयी हुए थे, जब उन्होंने कांग्रेस के ताकम संजय को 41,738 मतों के अंतर से हराया था. 2009 के लोकसभा चुनावों में रिजिजू को संजय ने हराया था. 2014 और 2019 में जीतने के बाद वह अरुणाचल प्रदेश में भाजपा के सबसे प्रभावशाली चेहरा हैं.
अरुणाचल प्रदेश में दो लोकसभा सीटें अरुणाचल प्रदेश में दो लोकसभा सीटें हैं, अरुणाचल पश्चिम और अरुणाचल पूर्व. जबकि विधानसभा के 60 सीटें हैं. यहां लोकसभा चुनाव के पहले चरण में 19 अप्रैल को मतदान किया. लोकसभा और विधानसभा के वोट साथ डाले गए. राज्य में 77.51 प्रतिशत मतदान हुआ.
भाजपा को इस साल के विधानसभा चुनावों में बड़ी जीत मिली है. उसने 60 में से 46 सीटें अपने नाम की हैं. 46 में से 10 पर निर्विरोध जीत मिली. इस जीत ने अरुणाचल प्रदेश में भाजपा की स्थिति को और मजबूत कर दिया, एक ऐसा राज्य जहां पार्टी ने लगभग एक दशक पहले अपनी पैठ भी नहीं जमाई थी.

हैदराबाद में आगामी रामनवमी शोभा यात्रा को लेकर गोशामहल के विधायक टी. राजा सिंह ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने कहा कि साल 2010 से लगातार शोभा यात्रा आयोजित की जा रही है, लेकिन हर साल पुलिस की ओर से बाधाएं खड़ी की जाती हैं. उनका आरोप है कि सिदंबर बाजार, पुराना पुल और बेगम बाजार जैसे इलाकों में विशेष रूप से लाठीचार्ज के लिए टास्क फोर्स तैनात की जाती है. साथ ही उन्होंने दावा किया कि हर साल उनके खिलाफ FIR दर्ज की जाती है और इस बार भी पुलिस अपनी गलतियों का ठीकरा उन पर फोड़ सकती है.

जम्मू-कश्मीर के बडगाम में लोगों ने ईरान के समर्थन में सोना, चांदी और नकद दान किया. यह कदम पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच उठाया गया है. लोग एक जगह इकट्ठा होकर मदद के लिए आगे आए. बडगाम के विधायक मुंतज़िर मेहदी ने भी एक महीने की सैलरी दान करने की घोषणा की. यह घटना दिखाती है कि अंतरराष्ट्रीय संघर्ष का असर दूर तक हो रहा है और लोग इंसानियत के लिए साथ खड़े हो रहे हैं.

महाराष्ट्र के नासिक में खुद को धर्मगुरु बताने वाले अशोक कुमार खरात पर दुष्कर्म, शोषण, जबरन गर्भपात, ठगी और जमीन विवाद में हत्या जैसे गंभीर आरोप लगे हैं. मामला एक गर्भवती महिला की शिकायत से सामने आया, जिसके बाद स्पाई कैमरे से 100 से ज्यादा वीडियो मिले. कई महिलाओं ने सालों तक शोषण का आरोप लगाया है. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और जांच जारी है, जिसमें और बड़े खुलासों की आशंका है.










