
FIFA World Cup 2022: क्रोएशिया और मोरक्को की प्री-क्वार्टर फाइनल में एंट्री, वर्ल्ड नंबर-2 टीम बेल्जियम बाहर
AajTak
फीफा वर्ल्ड कप 2022 सीजन में गुरुवार को ग्रुप-एफ में दो अहम मुकाबले हुए. एक मैच क्रोएशिया और बेल्जियम के बीच खेला गया. जबकि दूसरा मुकाबला मोरक्को और कनाडा के बीच हुआ. दोनों मैच के बाद इस ग्रुप से प्री-क्वार्टर फाइनल के लिए दो टीमें तय हुईं...
FIFA World Cup 2022: कतर की मेजबानी में खेले जा रहे फीफा वर्ल्ड कप 2022 सीजन में गुरुवार (1 दिसंबर) को ग्रुप-एफ में दो अहम मुकाबले हुए. एक मैच क्रोएशिया और बेल्जियम के बीच खेला गया. जबकि दूसरा मुकाबला मोरक्को और कनाडा के बीच हुआ. दोनों मैच के बाद इस ग्रुप से प्री-क्वार्टर फाइनल के लिए दो टीमों क्रोएशिया और मोरक्को ने क्वालिफाई किया.
क्रोएशिया और बेल्जियम के बीच मुकाबला बगैर किसी गोल के 0-0 से बराबरी पर खत्म हुआ. इसी के साथ दुनिया की नंबर-2 टीम बेल्जियम बाहर हो गई है. जबकि क्रोएशिया ने नॉकआउट राउंड में एंट्री कर ली है.
मोरक्को ने दूसरे नंबर पर रहते हुए क्वालिफाई किया
कनाडा के खिलाफ खेले गए रोमांचक मुकाबले में मोरक्को टीम ने 2-1 से जीत दर्ज की. इस जीत के साथ ही मोरक्को टीम ने 7 पॉइंट्स के साथ अपने ग्रुप-एफ में टॉप पर रहते हुए प्री-क्वार्टर फाइनल के लिए क्वालिफाई किया है. इस जीत के हीरो हाकिम जिएच और यूसुफ एन-नेसरी रहे, जिन्होंने 1-1 गोल दागा.
Croatia secure their place in the knockouts 🇭🇷@adidasfootball | #FIFAWorldCup
इस तरह पहले हाफ में बढ़त से चूकी क्रोएशिया

आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









