
Corona Updates: महाराष्ट्र में कोरोना का कहर, नागपुर में लॉकडाउन से पहले बाजारों में उमड़ी भीड़
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कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए महाराष्ट्र के कुछ शहरों में लॉकडाउन तो कुछ इलाकों में नाइट कर्फ्यू लगाया जा रहा है. राज्य सरकार ने अकोला में तीन दिन का लॉकडाउन लगा दिया है, जो 15 मार्च तक का होगा. वहीं, नागपुर में 15 मार्च से 21 मार्च तक एक सप्ताह का लॉकडाउन लगाने का फैसला किया गया है.
देश के कई राज्यों में कोरोना ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है. इस लिस्ट में महाराष्ट्र और केरल सबसे आगे हैं. पॉजिटिव मामले बढ़ने से एक बार फिर चिंता बढ़ रही है. महाराष्ट्र में हालात को काबू करने के लिए उद्धव सरकार ने 8 जिलों में पूर्ण लॉकडाउन या आशिंक लॉकडाउन लगाने का फैसला किया है. इस दौरान सिर्फ जरूरी सेवा की छूट रहेगी. #COVID19 | Social distancing goes for a toss as hundreds of people flock to Cotton Market in Nagpur, Maharashtra ahead of a week-long lockdown starting March 15 pic.twitter.com/PfDFn969rm इन सबके बीच लापरवाही देखने को मिल रही है. लॉकडाउन (Lockdown) से पहले बाजारों में लोगों की भीड़ उमड़ रही है. जिसमें सोशल डिस्टेंसिंग (Social Distancing) की धज्जियां उड़ती दिखाई दे रही हैं.
दिल्ली के सदर बाजार में गोरखीमल धनपत राय की दुकान की रस्सी आज़ादी के बाद से ध्वजारोहण में निरंतर उपयोग की जाती है. प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल के बाद यह रस्सी नि:शुल्क उपलब्ध कराई जाने लगी. इस रस्सी को सेना पूरी सम्मान के साथ लेने आती है, जो इसकी ऐतिहासिक और भावनात्मक महत्ता को दर्शाता है. सदर बाजार की यह रस्सी भारत के स्वाधीनता संग्राम और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक बनी हुई है. देखिए रिपोर्ट.

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दावोस में भारत वैश्विक आर्थिक चुनौतियों का सामना करने और एक बेहतर भविष्य बनाने के लिए पूरी तैयारी कर रहा है. इस संदर्भ में सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव से खास बातचीत की गई जिसमें उन्होंने बताया कि AI को लेकर भारत की क्या योजना और दृष्टिकोण है. भारत ने तकनीकी विकास तथा नवाचार में तेजी लाई है ताकि वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे रह सके. देखिए.

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नोएडा के सेक्टर 150 में इंजीनियर युवराज मेहता की दर्दनाक मौत के बाद योगी सरकार ने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है. हादसे के जिम्मेदार बिल्डर अभय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि नोएडा अथॉरिटी के अधिकारियों पर भी गाज गिरी है. प्रशासन ने अब भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए पुख्ता इंतजाम शुरू कर दिए हैं.

महाराष्ट्र के ठाणे में तीन नाबालिग लड़कियों के लापता होने से सनसनी फैल गई. कल्याण के बारावे गांव से दो सगी बहनें और उनकी 13 साल की भांजी घर से निकलने के बाद वापस नहीं लौटीं. परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. एक अहम सूचना के आधार पर पुलिस टीम को लखनऊ भेजा गया है, जहां लड़कियों की तलाश की जा रही है.

छत्तीसगढ़ के रायपुर में मिड-डे मील योजना से जुड़े हजारों रसोइया और सहायिकाएं अपनी मांगों को लेकर तूता मैदान में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं. रसोइया संघ के अध्यक्ष के अनुसार, उन्हें मात्र 66 रुपये प्रतिदिन मानदेय मिलता है, जो उनके परिवार का खर्च चलाने के लिए अपर्याप्त है. ठंड के बावजूद वे 22 दिनों से धरना दे रहे हैं पर शासन के कोई प्रतिनिधि उनसे अब तक नहीं मिले हैं.

आठवीं शताब्दी में आदि शंकराचार्य ने चार शंकराचार्य पीठों की स्थापना की. उद्देश्य था हिंदू धर्म और दर्शन को बचाना और आगे बढ़ाना. ऐसा हुआ भी. लेकिन पिछली एक सदी में कई और शंकराचार्य पीठ गढ़ ली गईं. इन पर बैठने वालों में कलह आम हुई. चुनावी लाभ, उत्तराधिकार का झगड़ा, राजनीतिक हस्तक्षेप, और व्यक्तिगत महत्वाकांक्षाओं ने इस पद को धार्मिक से ज्यादा राजनीतिक बना दिया है.





