
श्रीलंका लगाने जा रहा Rental Property Tax, सिर्फ 10 फीसदी अमीर लोगों को देना होगा ये टैक्स
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सियामबलपतिया का यह बयान विपक्षी दलों द्वारा सरकार के इस दावे पर सवाल उठाने के बाद आया है कि अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) बेलआउट डील के हिस्से के रूप में आवास पर प्रस्तावित कर केवल अमीर लोगों तक ही सीमित है.
श्रीलंका की सरकार किराए की संपत्तियों पर टैक्स लगाने जा रही है. देश के वित्त राज्य मंत्री रंजीत सियामबलपतिया ने रविवार को कहा कि प्रस्तावित 'रेंटल प्रॉपर्टी टैक्स' केवल 10 फीसदी अमीर आबादी को टार्गेट करेगा और एक बड़ा वर्ग इससे अछूता रह जाएगा. मंत्री ने मीडिया को जारी एक बयान में कहा कि यह टैक्स इस साल लागू नहीं होगा, बल्कि इसको 2025 की पहली तिमाही में लागू किया जाएगा.
सियामबलपतिया का यह बयान विपक्षी दलों द्वारा सरकार के इस दावे पर सवाल उठाने के बाद आया है कि अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) बेलआउट डील के हिस्से के रूप में आवास पर प्रस्तावित कर केवल अमीर लोगों तक ही सीमित है.
IMF की रिपोर्ट में क्या कहा गया?
दो हफ्ते पहले जारी आईएमएफ की स्टाफ रिपोर्ट में 2.9 बिलियन अमेरिकी डॉलर के प्रोग्राम की दूसरी समीक्षा के बारे में कहा गया था कि राज्य के रेवेन्यू जुटाने की कोशिशों के लिए एक अनुमानित रेंटल इनकम टैक्स की शुरूआत अहम है. मालिक के कब्जे वाली और खाली आवासीय संपत्ति से एक अनुमानित रेंटल इनकम टैक्स एक सही विकल्प होगा.
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Economy Next की रिपोर्ट के मुताबिक, विपक्षी नेता हर्षा डी सिल्वा ने पहले बताया था कि आईएमएफ प्रोग्राम के दस्तावेजों में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि टैक्स, मालिक के कब्जे वाले घरों पर लगाया जाएगा, न कि दूसरे घरों पर.

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