
'रैली में जानबूझकर देरी से पहुंचे थे विजय, ताकि भीड़...', पुलिस ने करूर भगदड़ के लिए TVK चीफ को ठहराया जिम्मेदार
AajTak
करूर में विजय की रैली के दौरान मची भगदड़ के मामले में पुलिस ने टीवीके के तीन नेताओं-मथियाझगन, बुशी आनंद और सीटीआर निर्मल कुमार के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है. इस भगदड़ में 41 लोगों की मौत हो गई और 80 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है.
तमिलनाडु के करूर में 27 सितंबर की रात को अभिनेता से नेता बने विजय की चुनावी रैली के दौरान हुई भगदड़ के मामले में FIR दर्ज की गई है, जिसमें 41 लोगों की मौत हो गई थी और 80 के करीब लोग घायल हुए थे. एफआईआर में टीवीके चीफ विजय और उनकी पार्टी के तीन अन्य नेताओं को इस हादसे के लिए जिम्मेदार ठहराया गया है.
पुलिस ने टीवीके के जिला सचिव मथियाझगन, राज्य महासचिव बुशी आनंद और राज्य संयुक्त सचिव सीटीआर निर्मल कुमार के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105, 110, 125 (b), 223 और तमिलनाडु सार्वजनिक संपत्ति अधिनियम की धारा 3 के तहत मामला दर्ज किया है.
करूर भगदड़ केस में दर्ज FIR में क्या आरोप हैं?
आजतक के पास FIR की कॉपी मौजूद है. इसमें कहा गया है कि विजय की रैली के लिए 11 शर्तें तय की गई थीं और सुरक्षा व यातायात व्यवस्था के लिए 500 पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था. एफआईआर में कहा गया है कि मीडिया में विजय के दोपहर 12 बजे रैली में आने की घोषणा के बाद आयोजन स्थल पर सुबह 10 बजे से भीड़ जमा होने लगी थी. मथियाझगन ने 10,000 लोगों की भीड़ के लिए अनुमति मांगी थी, लेकिन छोटी सी जगह में 25,000 से अधिक लोग भर गए.
यह भी पढ़ें: तमिलनाडु में भगदड़ से तनाव, प्रशासन ने विजय को करूर अस्पताल जाने से रोका, लॉ एंड ऑर्डर का दिया हवाला
एफआईआर के अनुसार, विजय शाम 4:45 बजे करूर जिले की सीमा पर पहुंच गए थे, लेकिन रैली स्थल पर आने में जानबूझकर देरी की और बिना अनुमति के रोडशो निकाला. प्रशासन की ओर से रैली के लिए तय की गईं शर्तों का पालन नहीं किया गया, जिससे पब्लिक और पुलिस को ट्रैफिक मैनेजमेंट में असुविधा हुई. शाम 7 बजे विजय की बस वेलुचामीपुरम पहुंच गई थी, लेकिन फिर से रैली में आने में जानबूझकर देरी के कारण भारी भीड़ जमा हो गई.

देश की सर्वोच्च अदालत ने UGC के नए नियमों से सामान्य वर्ग को नफरती करके फंसाए जाने की आशंका को गंभीरता से लिया है. कॉलेज कैंपस में भेदभाव रोकने के नाम पर 13 जनवरी के नियमों को सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल रोक लगा दी है. इसके बाद सामान्य वर्ग की राजनीतिक ताकत और इस मुद्दे के व्यापक मायनों पर चर्चा तेज हो गई है. जातिगत भेदभाव रोकने के लिए बनाए गए इन नियमों पर सुप्रीम कोर्ट की रोक ने इसके भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं.

प्रयागराज माघ मेले से लौटे शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. उन्होंने सरकार को गोहत्या और मांस निर्यात के मुद्दे पर कड़ी चेतावनी दी है. शंकराचार्य ने साफ कहा है कि अगर सरकार द्वारा निर्धारित शर्तें पूरी नहीं की गईं, तो वे मुख्यमंत्री को नकली हिंदू घोषित करेंगे. यह बयान राजनीतिक और सामाजिक विवादों को जन्म दे सकता है क्योंकि गोहत्या और मांस निर्यात जैसे मुद्दे प्रदेश के भीतर संवेदनशील विषय हैं.

झारखंड फेडरेशन ऑफ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (FJCCI) के अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा ने राज्य के चार ऐसे जिलों की रेल कनेक्टिविटी समेत अन्य आवश्यक मांगों को लेकर यूनियन बजट में शामिल करने की बात कही है जहां आज तक रेल कनेक्टिविटी उपलब्ध नहीं है. आदित्य मल्होत्रा ने इन जिलों के लिए रेल परिवहन के महत्व को रेखांकित करते हुए बताया कि यह कदम कैसे क्षेत्रीय विकास में सहायक होगा.

उत्तर भारत में मौसम का मिजाज बदलने वाला है. मौसम विभाग (IMD) के अनुसार आने वाले दिनों में हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में फिर बर्फबारी की संभावना है. वहीं, दिल्ली-NCR में 31 जनवरी से 2 फरवरी तक बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है. मौसम विभाग ने पंजाब, हरियाणा और राजस्थान के लिए भी बारिश का अलर्ट जारी किया है.

जम्मू कश्मीर से हिमाचल प्रदेश तक पहाड़ों पर लगातार भारी बर्फबारी जारी है. इस बर्फबारी के कारण खूबसूरत नजारे देखने को मिल रहे हैं, जिससे बड़ी तादाद में पर्यटक इन इलाकों की तरफ आकर्षित हो रहे हैं. मौसम के इस बदलाव ने कई रास्ते बंद कर दिए हैं जिससे कई जगहों पर यातायात जाम की स्थिति बनी है. श्रीनगर समेत पुलवामा, कुलगाम, शोपिया, गुरेज और अन्य क्षेत्रों में तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है.

मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पर है. अमेरिका ने USS Abraham Lincoln कैरियर ग्रुप अरब सागर में तैनात कर ईरान पर हमले की धमकी दी है. ईरान डर से अपने न्यूक्लियर साइट्सको गहराई में छिपा रहा है. टनल सील कर रहा है. ड्रोन कैरियर शहीद बघेरी को बंदर अब्बास से 6 किमी दूर रखा है. IRGC 1-2 फरवरी को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में लाइव-फायर एक्सरसाइज करेगा.

दिल्ली पुलिस की महिला कमांडो काजल की हत्या के मामले अब नई परतें खुल रही हैं. उसके परिजनों ने पति अंकुर पर हत्या के साथ-साथ पेपर लीक रैकेट का मास्टरमाइंड होने के गंभीर आरोप लगाए हैं. दावा है कि काजल के पास उसके काले कारनामों के राज़ थे. हत्या से पहले वीडियो कॉल और डंबल से हत्या के आरोपों ने मामले को और सनसनीखेज बना दिया है.






