
रूस ने पाकिस्तान के लिए किया ऐसा काम, गदगद हुए शहबाज
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पाकिस्तान फिलहाल आर्थिक बदहाली और डॉलर की भारी कमी से जूझ रहा है. पर्याप्त डॉलर के अभाव में पाकिस्तान कई जरूरी चीजों का आयात नहीं कर पा रहा. वो अपनी ऊर्जा जरूरतों को भी पूरा नहीं कर पा रहा है. इसी बीच रूस से उसे बड़ी मदद मिली है.
चौतरफा मुश्किलों से घिरे पाकिस्तान को रूस ने बड़ी राहत दी है. रविवार को पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने जानकारी दी कि पाकिस्तान और रूस के बीच हुए नए तेल समझौते के तहत रियायती कच्चे तेल की पहली खेप पाकिस्तान पहुंच गई है. उन्होंने कहा कि यह पाकिस्तान-रूस के रिश्तों में एक नई शुरुआत है.
रूस से तेल की पहली खेप मिलने पर खुशी जताते हुए शहबाज शरीफ ने ट्वीट किया, 'मैंने देश से किया अपना एक और वादा पूरा किया. मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि रियायती रूसी कच्चे तेल की पहली खेप कराची पहुंच चुकी है और कल से उसकी निकासी शुरू हो जाएगी.'
शहबाज शरीफ ने लिखा कि यह पाकिस्तान के लिए परिवर्तन वाला दिन है. हम समृद्धि, आर्थिक विकास, ऊर्जा सुरक्षा और सामर्थ्य के एक कदम और करीब पहुंच रहे हैं.
शहबाज ने लिखा, 'यह पाकिस्तान को पहला रूसी तेल कार्गो है. यह पाकिस्तान और रूस के बीच एक नए रिश्ते की शुरुआत है. मैं उन सभी की सराहना करता हूं जो इस राष्ट्रीय कोशिश का हिस्सा बने रहे और रूसी तेल खरीद के वादे को हकीकत में बदलने में अपना योगदान दिया.'
समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बंदरगाह के एक अधिकारी ने बताया कि तेल निकासी की प्रक्रिया चल रही है. कच्चे तेल का यह कार्गो रूस से एक महीने पहले निकला था और ओमान के रास्ते पाकिस्तान के कराची बंदरगाह तक पहुंचा है. अधिकारियों ने बताया कि रूस से आयातित इस तेल को पाकिस्तान रिफाइनरी लिमिटेड (PRL) रिफाइन करेगी.
अप्रैल के महीने में रूस और पाकिस्तान के बीच रियायती तेल खरीद को लेकर समझौता हुआ था. पाकिस्तान को रूस के साथ इस तेल समझौते से बड़ी राहत मिली है क्योंकि उसका विदेशी मुद्रा भंडार लगभग खाली हो गया है और उस पर डिफॉल्ट का खतरा मंडरा रहा है. पाकिस्तान अपने कच्चे तेल का 70% आयात करता है.

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