
राघव चड्ढा पंजाब सरकार की एडवाइजरी कमेटी के चेयरमैन बने, विपक्ष ने उठाए सवाल
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राघव चड्ढा पंजाब में AAP सरकार के कामकाज को लेकर सलाह देंगे और जरूरत पड़ने पर वित्तीय मामलों पर सलाह देंगे. सरकार ने कहा कि राघव के अनुभव का पंजाब को लाभ मिलेगा और कर्ज में डूबे राज्य के लिए वरदान साबित हो सकता है.
पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार ने सोमवार को एक बड़ा फैसला लिया है. राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा को पंजाब सरकार की एडवाइजरी कमेटी का चेयरमैन बनाया गया है. ये एडवाइजरी कमेटी सरकार को कामकाज को लेकर सलाह देगी. इसके अलावा, कमेटी सरकारी कामकाज में सुधार के लिए सिफारिशें भी करेगी. इस पर विपक्ष ने भगवंत मान सरकार की घेराबंदी शुरू कर दी है.
CMO के एक प्रवक्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री ने सोमवार को राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा को सरकार की सलाहकार समिति का अध्यक्ष बनाए जाने संबंधी फाइल को मंजूरी दी है. उन्होंने बताया कि राघव चड्ढा मॉडर्न स्कूल, बाराखंभा और लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स जैसे दुनियाभर के टॉप शैक्षणिक संस्थानों के छात्र रहे हैं. राघव पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट हैं. उन्होंने दुनिया की कुछ सबसे बड़ी कॉर्पोरेट फर्मों के साथ काम भी किया है.
दिल्ली सरकार में वित्त मंत्री के सलाहकार रहे राघव
इससे पहले राघव चड्ढा ने दिल्ली की आम आदमी पार्टी की सरकार में वित्त मंत्री मनीष सिसोदिया के वित्तीय सलाहकार के रूप में काम किया है. दिल्ली सरकार से चड्ढा को सिर्फ 1 रुपये वेतन दिया जाता था. उन्होंने राजस्व की चोरी को रोकने और भ्रष्टाचार को कम करने का प्रयास किया है.
दिल्ली में पंजाबी संस्कृति को बढ़ावा दिया
पंजाब सरकार की तरफ से बताया गया कि चड्ढा का परिवार जालंधर का रहने वाला है. कुछ दशक पहले काम की तलाश में परिजन दिल्ली चले गए थे. हालांकि, राघव चड्ढा अपनी जड़ों से मजबूती से जुड़े रहे और दिल्ली की पंजाबी अकादमी को पुनर्जीवित करने का काम किया, जिससे राष्ट्रीय राजधानी में पंजाबी भाषा और संस्कृति को बढ़ावा मिला.

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