
यूपी के इस गांव में प्रह्लाद रूप में होलिका के बीच में से निकलेगा ब्राह्मण युवक,एक माह से कर रहा व्रत, जानें- क्या है मान्यता?
ABP News
Mathura Phalain Village Holi 2026: जलती होलिका की दूसरी ओर उसके गुरु इंतजार कर रहे होते हैं, जो तुरंत उसे भीड़-भाड़ से दूर मंदिर में ले जाते हैं.
उत्तर प्रदेश में मथुरा जिले के फालैन गांव में हर साल की तरह इस बार भी प्रह्लाद रूप में एक पण्डा जलती होली के बीच में से निकलेगा. फालैन में होलिका दहन तीन मार्च की सुबह करीब चार बजे (चंद्रग्रहण का सूतक प्रारंभ होने से पूर्व) किया जाएगा. दिल्ली-आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित कोसीकलां-शेरगढ़ मार्ग पर पांच किलोमीटर दूर फालैन गांव में सदियों से होलिका दहन के अवसर पर ग्राम समाज का एक पण्डा (ब्राह्मण युवक) जलती होली में से सकुशल निकल कर दिखाता है.
ग्राम प्रधान कैलाश चौधरी ने रविवार को बताया कि ब्राह्मण बहुल आबादी वाले फालैन गांव के ब्राह्मण समाज के लोग ही आपस में तय करते हैं कि इस वर्ष किस परिवार का युवक यह जिम्मेदारी उठाएगा. उन्होंने बताया कि पिछले कुछ वर्षों से सुशील पण्डा का बेटा संजू पण्डा ही यह भूमिका निभा रहा है और इस बार भी उसने ही एक माह पूर्व यह व्रत शुरू किया था.
चौधरी ने बताया कि इससे पहले संजू के पिता सुशील पण्डा भी कई वर्षों तक जलती होली में से निकलने का 'चमत्कार' दिखाते रहे हैं. उन्होंने बताया कि ग्राम समाज जलती होली से निकलने वाले पण्डा परिवार की अपनी ओर से पूरी मदद करता है तथा उसे वर्ष पर्यंत जीविकोपार्जन में मदद के लिए अपनी-अपनी फसल का एक हिस्सा दान में देता है.
चौधरी ने इस परंपरा से जुड़ी कुछ अन्य बातों का जिक्र करते हुए बताया कि जलती होली में से निकलने का इरादा करने वाले ब्राह्मण व्यक्ति को माघी पूर्णिमा से ही ब्रह्मचर्य का पालन करना होता है और वह दिन-रात प्रह्लाद मंदिर में ही रहता है तथा जमीन पर सोता है.













