
महिला ने प्रॉपर्टी डीलर के प्राइवेट पार्ट पर किया हमला, इस वजह से ली उसकी जान
AajTak
महाराष्ट्र के नागपुर में एक महिला को एक प्रॉपर्टी डीलर की हत्या करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. आरोप है कि महिला और मृतक एक-दूसरे के साथ रिश्ते में थे. आरोपी पैसे की मांग कर रही थी. प्रॉपर्टी डीलर ने जब पैसे नहीं दिए, तो उसने उसके प्राइवेट पार्ट पर हमला कर दिया.
महाराष्ट्र के नागपुर में एक महिला को प्रॉपर्टी डीलर की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. आरोप है कि महिला और मृतक एक-दूसरे के साथ रिश्ते में थे. आरोपी उससे पैसे मांग रही थी. प्रॉपर्टी डीलर ने पैसे नहीं दिए, तो उसने उसके प्राइवेट पार्ट पर हमला कर दिया. इससे उसकी मौत हो गई.
नागपुर के हुडकेश्वर पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने बताया कि 55 वर्षीय रवींद्र कुडवे का शव 19 अप्रैल को मिला था. उनकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण उनकी प्राइवेट पार्ट पर लगे गंभीर चोट को बताया गया था. मृतक के बेटे की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज किया गया था.
पुलिस अधिकारी ने कहा, "रवींद्र कुडवे के बेटे ने हमें बताया कि उसके पिता और आरोपी महिला काजल जोगे (27) के बीच अवैध संबंध था. लेकिन कुछ दिनों बाद आरोपी किसी दूसरे लड़के के साथ संबंध में आ गई. उसके साथ शादी करने की योजना बना रही थी, लेकिन चाहती थी कि खर्च रवींद्र उठाए.''
काजल जोगे के प्रस्ताव को रवींद्र कुडवे ने अस्वीकार कर दिया. इस वजह से उन दोनों के बीच झगड़ा हो गया. इसी दौरान आरोपी महिला ने किसी भारी वस्तु से मृतक के प्राइवेट पार्ट पर वार कर दिया. इस वजह से उनकी मौत हो गई. उनका शव आकाश नगर के एक फ्लैट से बरामद किया गया.
मृतक रवींद्र कुडवे के बेटे की तहरीर के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आईपीसी की संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर लिया. वारदात के बाद वो फरार हो गई थी, लेकिन पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है. उससे जानकारी ली जा रही है कि कोई अन्य शख्स उसके साथ शामिल तो नहीं था.
बताते चलें कि इसी महीने नागपुर में हत्या की एक खौफनाक वारदात सामने आई थी. एक होटल के कमरे में 30 वर्षीय एक शख्स ने अपनी लिव-इन पार्टनर और उसके तीन साल के बेटे की हत्या करने के बाद आत्महत्या कर ली थी. सचिन विनोद कुमार राउत और नाज़नीन के बीच अवैध संबंध था.

आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









