
बाइडेन कर रहे ट्रंप का अपमान? नए राष्ट्रपति के शपथ ग्रहण पर आखिर क्यों आधा झुका रहेगा अमेरिकी झंडा
AajTak
डोनाल्ड ट्रंप अगले अमेरिकी राष्ट्रपति के रूप में 20 जनवरी को शपथ ग्रहण करेंगे, लेकिन इस दौरान देशभर में अमेरिकी झंडे आधे झुके रहेंगे. यह फैसला पूर्व राष्ट्रपति जिमी कार्टर के निधन के बाद उनके सम्मान में लिया गया है, जिसे लेकर ट्रंप ने नाराजगी जताई है. व्हाइट हाउस ने ट्रंप की शिकायतों पर विचार नहीं करने का फैसला किया है.
डोनाल्ड ट्रंप का अमेरिका के अगले राष्ट्रपति के तौर पर 20 जनवरी को शपथग्रहण शेड्यूल है, लेकिन इस बीच पूरे देश में अमेरिकी झंडा आधा झुका रहेगा. आमतौर पर ऐसा किसी के सम्मान में किया जाता है, लेकिन ट्रंप हैरान हैं कि उनके शपथ के मौके पर अमेरिकी झंडे आधे झुके रहेंगे.
दरअसल, जो बाइडेन प्रशासन ने पूर्व राष्ट्रपति जिमी कार्टर के निधन के बाद उनके सम्मान में एक महीने का राष्ट्रीय शोक लागू किया है, और इस दौरान झंडे को आधा झुकाने की परंपरा है. इत्तेफाक से इसी दौरान ट्रंप का शपथग्रहण है. उन्होंने इसकी शिकायत अपने सोशल मीडिया हैंडल ट्रुथ सोशल पर की.
यह भी पढ़ें: Jimmy Carter: अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति जिमी कार्टर का निधन, 100 साल की उम्र में ली अंतिम सांस
डोनाल्ड ट्रंप ने झंडे झुके रहने को लेकर की शिकायत
जिमी कार्टर के 9 जनवरी को होने वाले अंतिम संस्कार में ट्रंप शामिल होंगे, लेकिन इसके इतर शिकायत की कि उनके शपथग्रहण के मौके पर ऐसा पहली बार होगा, जब अमेरिकी झंडे झुके रहेंगे. ट्रंप ने कहा, "डेमोक्रेट्स इस बात से बहुत उत्साहित हैं कि मेरे शपथग्रहण समारोह के दौरान हमारा शानदार अमेरिकी झंडा संभवतः आधा झुका रहेगा."
ट्रंप ने कहा, "वे (डेमोक्रेट्स) सोचते हैं कि यह बहुत अच्छा है और वे इससे बहुत खुश हैं, क्योंकि असल में वे हमारे देश से प्यार नहीं करते, वे सिर्फ अपने बारे में सोचते हैं." ट्रंप ने कहा कि पिछले सप्ताह कार्टर की मृत्यु की वजह से अमेरिकी झंडा "पहली बार किसी भावी राष्ट्रपति के शपथग्रहण समारोह के दौरान आधा झुका रहेगा." ट्रंप ने कहा, "कोई भी इसे देखना नहीं चाहता और कोई भी अमेरिकी इससे खुश नहीं हो सकता. देखते हैं कि आगे क्या होता है."

हैदराबाद में आगामी रामनवमी शोभा यात्रा को लेकर गोशामहल के विधायक टी. राजा सिंह ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने कहा कि साल 2010 से लगातार शोभा यात्रा आयोजित की जा रही है, लेकिन हर साल पुलिस की ओर से बाधाएं खड़ी की जाती हैं. उनका आरोप है कि सिदंबर बाजार, पुराना पुल और बेगम बाजार जैसे इलाकों में विशेष रूप से लाठीचार्ज के लिए टास्क फोर्स तैनात की जाती है. साथ ही उन्होंने दावा किया कि हर साल उनके खिलाफ FIR दर्ज की जाती है और इस बार भी पुलिस अपनी गलतियों का ठीकरा उन पर फोड़ सकती है.

जम्मू-कश्मीर के बडगाम में लोगों ने ईरान के समर्थन में सोना, चांदी और नकद दान किया. यह कदम पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच उठाया गया है. लोग एक जगह इकट्ठा होकर मदद के लिए आगे आए. बडगाम के विधायक मुंतज़िर मेहदी ने भी एक महीने की सैलरी दान करने की घोषणा की. यह घटना दिखाती है कि अंतरराष्ट्रीय संघर्ष का असर दूर तक हो रहा है और लोग इंसानियत के लिए साथ खड़े हो रहे हैं.

महाराष्ट्र के नासिक में खुद को धर्मगुरु बताने वाले अशोक कुमार खरात पर दुष्कर्म, शोषण, जबरन गर्भपात, ठगी और जमीन विवाद में हत्या जैसे गंभीर आरोप लगे हैं. मामला एक गर्भवती महिला की शिकायत से सामने आया, जिसके बाद स्पाई कैमरे से 100 से ज्यादा वीडियो मिले. कई महिलाओं ने सालों तक शोषण का आरोप लगाया है. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और जांच जारी है, जिसमें और बड़े खुलासों की आशंका है.










