
फ्रांस में आतंकवादी हमले का खतरा, नए साल के जश्न के लिए तैनात होंगे 90,000 पुलिसकर्मी
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फ्रांस में इस साल राजधानी पेरिस के साथ कई अन्य बड़े शहरों में आतंकी हत्या की घटनाएं सामने आती रही हैं. इसी दिसंबर महीने की शुरुआत में ही, राजधानी पेरिस में, एक हमलावर ने चाकू मारकर एक जर्मन पर्यटक की हत्या कर दी थी.
फ्रांस के Interior Minister गेराल्ड डर्मैनिन ने शुक्रवार को कहा कि देश के सामने 'बहुत बड़े' आतंकवादी खतरे के कारण इस सप्ताहांत के नए साल के जश्न के लिए फ्रांस में बड़ी संख्या में पुलिस और सैनिक तैनात किए जाएंगे. दर्मैनिन ने कहा कि पूरे फ्रांस में लगभग 90,000 पुलिसकर्मी तैनात होंगे, जिनमें से 6,000 पेरिस में होंगे. आतंकवादी खतरों से निपटने के लिए गठित 'सेंटिनेल' इकाई से भी 5,000 सैनिक तैनात होंगे.
दारमानिन ने संवाददाताओं से कहा, "इजरायल और फिलिस्तीन में जो कुछ हो रहा है, उसके कारण स्पष्ट रूप से बहुत बड़े आतंकवादी खतरे के संदर्भ में मैंने पुलिस और सुरक्षा बलों की अत्यधिक उपस्थिति का आह्वान किया है." यूरोपीय सुरक्षा अधिकारियों ने कहा है कि इज़राइल-हमास युद्ध से कट्टरपंथी बने इस्लामवादियों द्वारा हमलों का खतरा बढ़ रहा है.
दरअसल, फ्रांस में इस साल राजधानी पेरिस के साथ कई अन्य बड़े शहरों में आतंकी हत्या की घटनाएं सामने आती रही हैं. इसी दिसंबर महीने की शुरुआत में ही, राजधानी पेरिस में, एक हमलावर ने चाकू मारकर एक जर्मन पर्यटक की हत्या कर दी थी. यह हमला पेरिस में एफिल टावर के पास हुआ था. सामने आया था कि, हमलावर अफगानिस्तान और गाजा में मुसलमानों की मौत को लेकर गुस्से में था. पुलिस ने इसे आतंकवादी हमला करार दिया है. फ्रांस में लगातार आतंकवादी हमले बढ़ते जा रहे हैं, खास तौर पर भीड़ वाले इलाके में अचानक हमला कर लोगों में दहशत फैलाने की कई घटनाएं सामने आई हैं.
यही वजह है कि, फ्रांस न्यू ईयर के इस हफ्ते को लेकर पहले से सचेत है, क्योंकि ये ऐसा मौका होगा कि जब जश्न के लिए जगह-जगह लोगों की भीड़ इकट्ठी होगी. ऐसे में 'बहुत बड़े' आतंकवादी खतरे को देखते हुए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किए जाएंगे. बता दें कि इसी साल फ्रांस ने एक दशक का सबसे भीषण दंगा भी झेला है.
इसी साल जून 2023 में फ्रांस की राजधानी पेरिस के निकट नानटेरे में एक 17 साल के लड़के की पुलिस की गोली लगने से हुई मौत हो गई थी. पुलिस का कहना था कि मरने वाला नौजवान कथित तौर पर गलत तरीके से कार चला रहा था. उसके पास ड्राइविंग लाइसेंस भी नहीं था. जब उसने भागने की कोशिश की तो गोली चलानी पड़ी. इस घटना का वीडियो वायरल होने के बाद फ्रांस में हिंसा भड़क गई थी, और तकरीबन एक हफ्ते तक स्थिति तनावपूर्ण रही थी. इसमें तीन दिन को सड़कों पर खूब दंगा भड़का. स्टोर में लूटपाट हुई और वाहनों-दुकानों का आग लगा दिया गया था.
खबरों के मुताबिक, अक्टूबर, 2023 में उत्तरी फ्रांसीसी शहर अर्रास के एक हाई स्कूल में शिक्षक पर चाकू से हमला किया गया था और उनकी मौत हो गई थी. मई, 2023 में रिम्स में एक हमलावर ने रसोई के चाकू से एक नर्स की हत्या कर दी थी और जनवरी, 2023 में पेरिस के गारे डू नॉर्ड ट्रेन स्टेशन पर एक व्यक्ति ने छह लोगों पर हमला किया और उन्हें घायल कर दिया. हमलावर को पुलिस अधिकारियों ने गोली मार दी थी. फ्रांस में लगातार इस स्थिति को देखते हुए तैयारी की गई है.

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