
दो राज्य, दो इनफ्लुएंर्स का मर्डर... जुर्म एक लेकिन कत्ल का तरीका और कातिल का मोटिव दोनों अलग-अलग
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सोशल मीडिया पर धूम मचाने वाली दो लड़कियां. एक के इंस्टाग्राम पर 4 लाख से ज्यादा फैन. दूसरे के इंस्ट्ग्राम पर 1.60 लाख फॉलोअर. 5 दिनों के अंदर दोनों की रहस्यमयी मौत... और चंद दिनों में दोनों की मौत को लेकर चौंकाने वाला खुलासा. हैरान कर देगी दोनों की कहानी.
Social Media Influencer Murder Case: सोशल मीडिया पर संसेशन बनना भी कोई आसान काम नहीं है. पता नहीं आपका कौन सा कंटेंट कब किसी को नाराज कर दे. किसी को पसंद ना आए और बात आप की जान पर आ जाए. पंजाब के बठिंडा में एक सोशल मीडिया स्टार की लाश एक कार के अंदर मिली. पुलिस ने जब इस मामले की तफ्तीश की तो एक सनसनीखेज खुलासा किया. पता चला कि उसका कत्ल इसलिए किया गया, क्योंकि सोशल मीडिया पर पोस्ट किया गया उसका कुछ कंटेंट किसी को पसंद नहीं आया था. कुछ ऐसी ही एक कहानी हरियाणा से भी सामने आई है.
पंजाब के बठिंडा से लेकर हरियाणा के पानीपत तक 295 किलोमीटर के दायरे में फैली इन दो डेथ मिस्ट्रीज ने इस वक्त इन दोनों राज्यों के दहला दिया है. तो आइए बैक टू बैक सामने आई इन दोनों रहस्यमयी कहानियों का सच जानने की सिलसिलेवार कोशिश करते हैं. सीसीटीवी की कुछ तस्वीरें बठिंडा के आदेश अस्पताल की पार्किंग से सामने आई, जहां 10 जून की सुबह करीब साढ़े पांच बजे एक हुंडै इओन कार आकर रुकती है. कार से एक सिख नौजवान बाहर निकलता है और फिर कार वहीं छोड़ कर आगे निकल जाता है.
तब तो किसी को इन तस्वीरों में भी कुछ हैरान करने वाला नजर नहीं आता, लेकिन जब कुछ घंटों बाद इस कार से बदबू आने लगती है, तो लोगों का ध्यान इस ओर जाता है. और फिर सामने आती है एक भयानक कहानी. असल में इस कार में एक लाश पड़ी थी, एक लड़की की लाश. और लड़की भी कोई मामूली नहीं बल्कि पंजाब की एक ऐसी सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर जिसके इंस्टाग्राम पर 4 लाख से भी ज्यादा फॉलोअर्स हैं. नाम था कंचन कुमारी उर्फ कमल कौर भाभी.
कमल कौर भाभी मूल रूप से लुधियाना की रहने वाली थी, लेकिन उसके चाहने वाले सिर्फ लुधियाना नहीं बल्कि पंजाब से होते हुए विदेशों तक में छाए हुए थे. जल्द ही पुलिस मौके पर पहुंचती है, लाश बरामद करती है और पता चलता है कि मामला कत्ल का है. असल में जब बठिंडा पुलिस ने कमल कौर की डेड बॉ़डी का पोस्टमार्टम करवाया, तो गले में स्टैंगुलेशन मार्क नजर आए, जो इस बात की निशानी थी कि कमल कौर की हत्या गला घोंट कर की गई. लेकिन अब सवाल ये था कि आखिर उसकी हत्या किसने की और क्यों? लाश को कार समेत पार्किंग में छोड़ने वाला शख्स आखिर कौन था? एक हैरानी की बात तो ये भी थी कि जब पार्किंग में सीसीटीवी कैमरे लगे हुए थे, तो फिर ऐसी जगह पर कार छोड़ने के पीछे कातिल का मकसद क्या हो सकता था?
जांच आगे बढ़ती है तो पता चलता है कि कमल कौर भाभी को उसके घर से एक प्रोडक्ट प्रोमोशन के लिए 9 जून को अमृतपाल सिंह मेहरों नाम का एक शख्स अपने साथ बठिंडा लेकर गया था. ये शख्स मूल रूप से मोगा का रहने वाला था, लेकिन पिछले कई महीनों से कंचन कुमारी उर्फ कमल कौर के टच में था. उसने कमल कौर को प्रमोशन एसाइनमेंट के नाम पर उसके घर से पिक किया और अपने साथ लेकर बठिंडा के लिए निकला. लेकिन इस मामले में तब खतरनाक ट्विस्ट ले लिया, जब कमल कौर भाभी को ले जाने के कुछ घंटों के बाद उसका मोबाइल फोन स्विच्ड ऑफ हो गया.
यानी अब इस केस में पुलिस के पास दो-दो सुराग थे. एक सुराग उस शख्स का नाम के तौर पर, जो कमल कौर को उसके घर से लेकर गया था और दूसरा सीसीटीवी कैमरे में कैद एक तस्वीर के तौर पर. अब एक साथ पुलिस की कई टीमों ने इस केस पर काम शुरू किया. एक टीम अमृतपाल सिंह मेहरों की तलाश करने लगी, जबकि दूसरी टीम बठिंडा में सीसीटीवी कैमरे में कैद होने वाले शख्स को ढूंढने लगी. लेकिन बठिंडा पुलिस को तब निराशा हाथ लगी जब उसे पता चला कि अमृतपाल सिंह मेहरों उसी रोज अमृतसर के रास्ते देश से बाहर भाग चुका है, जिस रोज उसने कमल कौर को अगवा कर उसकी जान ली गई थी. ये पुलिस के लिए किसी झटके से कम नहीं था.

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