
दिल्ली में पकड़े गए हथियारों के पीछे शाहबाज अंसारी के इंटरनेशनल सिंडिकेट का खुलासा, ISI से कनेक्शन!
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दिल्ली में अत्याधुनिक हथियारों के रैकेट के पीछे इंटरनेशनल आर्म्स सप्लायर शाहबाज अंसारी का बड़ा सिंडिकेट सामने आया है, जिसके तार पाकिस्तान और ISI से जुड़े बताए जा रहे हैं. कौन है ये शाहबाज अंसारी? जानें पूरी कहानी.
दिल्ली पुलिस के हाथ लगे अत्याधुनिक हथियारों ने देश की सुरक्षा एजेंसियों को बड़ा सुराग दिया है. जांच में सामने आया है कि ये हथियार किसी आम गिरोह के नहीं बल्कि इंटरनेशनल आर्म्स सप्लायर शाहबाज अंसारी के सिंडिकेट का हिस्सा हैं. इस खुलासे के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई हैं, क्योंकि इस नेटवर्क के तार पाकिस्तान, बांग्लादेश और नेपाल तक फैले हुए बताए जा रहे हैं. यही वजह है कि इस पूरे मामले को बेहद गंभीर माना जा रहा है और कई एजेंसियां मिलकर इसकी जांच कर रही हैं.
दिल्ली पुलिस द्वारा हाल ही में जब्त किए गए अत्याधुनिक हथियारों की जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं. शुरुआती जांच में पता चला है कि ये हथियार सीधे तौर पर शाहबाज अंसारी के नेटवर्क से जुड़े हुए हैं. यह वही शाहबाज अंसारी है जिसे भारत का सबसे बड़ा अवैध हथियार सप्लायर माना जाता है. पुलिस को शक है कि इस सिंडिकेट के जरिए देशभर के कई बड़े गैंग्स को हथियार सप्लाई किए जाते हैं. इस खुलासे के बाद दिल्ली पुलिस ने जांच का दायरा और भी बढ़ा दिया है.
आरोपी शाहबाज अंसारी उत्तर प्रदेश के खुर्जा का रहने वाला है और लंबे समय से अवैध हथियारों के कारोबार में सक्रिय रहा है. जांच एजेंसियों के मुताबिक, उसका नेटवर्क भारत के कई राज्यों में फैला हुआ है. यही नहीं, उसके तार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी जुड़े हुए हैं. बताया जा रहा है कि शाहबाज अंसारी का सिंडिकेट बेहद संगठित तरीके से काम करता है, जिसमें कई देशों के सप्लायर्स और एजेंट शामिल हैं. इस वजह से उसे पकड़ना एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है.
पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड में भी शाहबाज अंसारी का नाम सामने आया था. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने इस मामले में उसे गिरफ्तार किया था. जांच में खुलासा हुआ था कि उसके नेटवर्क के जरिए ही शूटर्स तक हथियार पहुंचाए गए थे. इस मामले के बाद ही शाहबाज अंसारी का नाम देशभर में चर्चा में आया. हालांकि गिरफ्तारी के बावजूद उसका नेटवर्क पूरी तरह खत्म नहीं हो पाया.
जांच एजेंसियों के मुताबिक, शाहबाज अंसारी ने अपनी बीवी की बीमारी का बहाना बनाकर कोर्ट से जमानत हासिल की थी. लेकिन जमानत मिलने के बाद उसने कानून को चकमा देते हुए पेरोल जंप कर लिया और फरार हो गया. इसके बाद वह बांग्लादेश पहुंच गया, जहां से वह अब भी अपने सिंडिकेट को ऑपरेट कर रहा है. एजेंसियों का मानना है कि वह वहां बैठकर भारत में हथियारों की सप्लाई को कंट्रोल कर रहा है.
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि शाहबाज अंसारी के नेटवर्क के तार पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI से भी जुड़े बताए जा रहे हैं. जांच में सामने आया है कि पाकिस्तान के जरिए हथियारों की सप्लाई की जाती है, जिसे बाद में बांग्लादेश और नेपाल बॉर्डर के रास्ते भारत में पहुंचाया जाता है. इस पूरे नेटवर्क में कई देशों की भूमिका सामने आ रही है, जिससे यह मामला और भी संवेदनशील बन गया है.

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