
जनसैलाब के इंतजार में अयोध्या: 5 गुना महंगे रेट पर पूरे होटल फुल, बसाई गई लक्जरी टेंट सिटी; हर दिन का किराया ₹8000
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Ayodhya News: 22 जनवरी को राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा वाले दिन अयोध्या में किसी भी बाहरी का प्रवेश वर्जित होगा. लेकिन 23 जनवरी से जब आम जनता के लिए मंदिर खुलेगा तो अयोध्या में श्रद्धालुओं का जनसैलाब भी उमड़ेगा. 138 कमरों वाले सबसे बड़े होटल के मालिक बलराम सिंह बताते हैं कि लोगों के रुकने के लिए कमरे कम पड़ जाएंगे. महीनों पहले से बुकिंग हो चुकी है.
UP News: अयोध्या में 22 जनवरी को होने वाले राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम को लेकर तैयारी पूरी की जा रही है. एक तरफ भव्य राम मंदिर के निर्माण को अंतिम रूप दिया जा रहा है, तो वहीं दूसरी तरफ प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में आने वाले साधु-संतों और आमंत्रित सदस्यों के लिए रहने की व्यवस्थाएं की जा रही हैं. अयोध्या के तमाम इलाकों में टेंट सिटी बस रही है तो कहीं टिन सिटी को तैयार किया जा रहा है. आम जनता के लिए मंदिर 23 जनवरी से ही खुलेगा. लेकिन अयोध्या के होटलों में महीनो की एडवांस बुकिंग चल रही है. छोटा हो या बड़ा, हर होटल के कमरे के दाम कई गुना बढ़ चुके हैं.
दरअसल, प्राण प्रतिष्ठा के बाद एक बड़ा जनसैलाब अयोध्या की तरफ बढ़ेगा, यह सच होटल के व्यापारी भी जानते हैं. अयोध्या में सिर्फ 20-25 टू स्टार से लेकर फोर स्टार होटल हैं, लेकिन आलम यह है उन होटलों में भी 2 महीने पहले से ही जनवरी और फरवरी की एडवांस बुकिंग हो चुकी है. इसके चलते होटलों ने किराया भी बढ़ा दिया है. किसी ने किराया दोगुना कर दिया है तो किसी ने पांच गुना. अयोध्या में 138 कमरों वाले सबसे बड़े होटल के मालिक बलराम सिंह बताते हैं कि अभी व्यवस्थाएं नाकाफी हैं. लोगों के रुकने के होटल कम पड़ जाएंगे. महीनों पहले से होटल बुक किए जा चुके हैं.
ट्रस्ट के साथ साथ तमाम अन्य कंपनियों ने भी रुकने ठहरने के इंतजाम किए हैं. ब्रह्म कुंड गुरुद्वारा के पास 30 और राम कथा पार्क के नया घाट पर 40 लक्जरी टेंट की सिटी भी तैयार हैं. जिसमें मौजूदा समय में एक दिन रुकने का किराया 7000 से ₹8000 है. इस टेंट सिटी में अंदर जाते ही भगवान राम की भक्ति के माहौल से शुरुआत होगी, जहां चरण पादुका बनी है जिसमें सनातन धर्म से जुड़े पवित्र चिन्हों को उकेरा गया है.
इसके साथ ही टेंट सिटी के बाहर हिल स्टेशन और टेंट के अंदर किसी फाइव स्टार होटल वाला फील भी मिलेगा. टेंट सिटी में अभी से लोगों के आने का सिलसिला शुरू हो गया है. पूरे जनवरी और आधे फरवरी की एडवांस बुकिंग हो चुकी है.
सोमपुरा परिवार का भी खत्म होगा इंतजार
22 जनवरी 2024 की वह तारीख आखिर आ ही गई जब दशकों और पीढ़ियों से चला आ रहा सनातन धर्मियों के दिल में बसने वाले भगवान राम के मंदिर का इंतजार पूरा होगा. इंतजार गुजरात के उस सोमपुरा परिवार का भी खत्म होगा, जिनकी निगरानी में ही बीते 33 सालों से कार्यशाला में मन्दिर में लगने वाले पत्थर तराशे जा रहे. पहली बार पत्थर तराशने की शुरुआत कराने वाले अन्नू भाई सोमपुरा का भी इंतजार खत्म होगा.

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