
गाजियाबाद: पति ने पत्नी के साथ मिलकर किया आशिक का कत्ल, साजिश में शामिल 5 आरोपी गिरफ्तार
AajTak
पुलिस ने एक सनसनीखेज वारदात का खुलासा किया है. इसमें महिला के एक युवक से अवैध संबंध थे, इसकी जानकारी पति को हुई तो उसने अपनी पत्नी के साथ साजिश रची और युवक की हत्या कर दी. इसमें आरोपी ने अपने दोस्तों को भी शामिल किया था.
अवैध संबंधों में एक सनसनीखेज हत्या का मामला सामने आया है. दरअसल, ये वारदात गाजियाबाद के टीला मोड़ थाना क्षेत्र में हुई. महिला के एक व्यक्ति के साथ अवैध संबंध थे, जब इस बात की जानकारी उसके पति को हुई तो उसने पत्नी के आशिक की हत्या की साजिश रची. इतना ही नहीं, इस साजिश में उसने पत्नी और अन्य दोस्तों को भी शामिल किया. वारदात को अंजाम देने के बाद शव साहिबाबाद इंड्रस्ट्रीयल एरिया में नाले में फेंक दिया. पुलिस ने इस केस का खुलासा किया है. पुलिस ने हत्या में शामिल महिला, उसके पति सहित 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.
बता दें कि गाजियाबाद की टीला मोड़ थाना पुलिस को बीती 19 दिसम्बर 2021 को एक प्रिंस नाम के 23 वर्षीय युवक की गुमशुदगी की शिकायत मिली थी. इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की. पुलिस को जांच के दौरान सुमन नाम की महिला पर शक हुआ. पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर लिया.
पुलिस ने महिला से शुरुआती पूछताछ की तो उसने घटना में शामिल होने से इनकार कर दिया. लेकिन जब पुलिस ने सख्ती की तो महिला ने सभी राज उगल दिए. इसके बाद पुलिस को कुछ जरूरी सुराग मिले. इसके बाद कड़ियां जोड़ने पर पुलिस एक मजबूत निष्कर्ष पर पहुंची.
पुलिस ने सर्विलांस और स्वाट टीम की मदद से जांच की. लिहाजा सुमन के पति सुरेंद्र, उसके साथी नीरज , राहुल और विकास को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस ने उनसे पूछताछ की. इसमें सामने आया कि सुरेंद्र को इस बात की जानकारी हो गई थी कि सुमन के किसी युवक से अवैध संबंध हैं. इसके बाद सुरेंद्र ने युवक की हत्या के लिए सुमन और दूसरे साथियों के साथ साजिश रची और वारदात को अंजाम दिया.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.










