
खबरें सुपरफास्ट: यूपी समेत 10 राज्यों में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में भारी कटौती, कांग्रेस बोली- जुमलानोमिक्स
AajTak
दिवाली पर मोदी सरकार ने महंगाई से जूझते लोगों को राहत दी है. पेट्रोल-डीजल पर सरकार ने कदम पीछे हटाते हुए दोनों पर एक्साइज ड्यूटी कम की है. पेट्रोल पर पांच रुपए और डीजल पर मोदी सरकार ने दस रुपए की एक्साइज घटाया है. इसके बाद कम से कम दस राज्यों ने भी वैट में कमी का ऐलान किया. इस तरह ये राहत दोहरी रही. ज्यादातर एनडीए शासित राज्यों ने वैट में कमी की है. सबसे बड़े राज्य यूपी में योगी सरकार ने पेट्रोल पर 7 रुपये और डीज़ल पर 2 रुपये वैट में कमी का फैसला किया है. गुजरात में भी पेट्रोल और डीज़ल के दाम में जोड़े गए वैट पर 7 रुपर प्रति लीटर कमी की गई है. कांग्रेस ने पेट्रोल-डीजल के कीमतों पर कटौती को लेकर कहा- यह 'मोदीनोमिक्स' की 'जुमलानोमिक्स' है. देखें वीडियो.

आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









