
क्या गैंगस्टर अबू सलेम की 25 साल की सजा 31 मार्च को पूरी हो गई? बॉम्बे HC ने केंद्र और राज्य सरकार से मांगा जवाब
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अबू सलेम को 1993 मुंबई सीरियल बम धमाकों और बिल्डर प्रदीप जैन की हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी. हालांकि, सलेम ने अदालत में यह दलील दी कि जब उसे पुर्तगाल से भारत लाया गया (प्रत्यर्पण हुआ) था, तब भारत सरकार ने पुर्तगाल सरकार को यह आश्वासन दिया था कि उसे 25 साल से अधिक की सजा नहीं दी जाएगी. सुप्रीम कोर्ट ने भी इस आश्वासन को मान्यता दी और कहा कि सलेम को 25 साल बाद रिहा किया जाना चाहिए- यानी 2030 तक.
बॉम्बे हाई कोर्ट ने महाराष्ट्र सरकार और केंद्र सरकार को निर्देश दिया है कि वे गैंगस्टर अबू सलेम द्वारा उठाए गए इस मुद्दे पर जवाब दें कि उसकी 25 साल की सजा 31 मार्च 2025 को पूरी हो चुकी है और उसे रिहा किया जाना चाहिए. फिलहाल अबू सलेम नासिक सेंट्रल जेल में बंद है.
जस्टिस जी. एस. कुलकर्णी और जस्टिस अद्वैत सेठना की बेंच अबू सलेम की ओर से उसकी वकील फरहाना शाह द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई कर रही थी. याचिका में सुप्रीम कोर्ट द्वारा 11 जुलाई 2022 को दिए गए एक फैसले की अहम टिप्पणियों का जिक्र किया गया है, जो अबू सलेम की अपील पर आधारित था.
क्या था सुप्रीम कोर्ट का आदेश?
सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा था, 'हम यह निष्कर्ष निकालते हैं कि इस मामले में अपीलकर्ता (सलेम) की हिरासत 12.10.2005 से शुरू हुई थी. अपीलकर्ता की 25 साल की सजा पूरी होने पर, केंद्र सरकार भारत के राष्ट्रपति को संविधान के अनुच्छेद 72 के अंतर्गत अपनी शक्ति का प्रयोग करने की सलाह देने के लिए बाध्य होगी, और राष्ट्रीय प्रतिबद्धता एवं अंतरराष्ट्रीय न्यायिक मर्यादाओं के तहत अपीलकर्ता को रिहा किया जाएगा. इस अवधि की समाप्ति के एक महीने के भीतर आवश्यक दस्तावेज़ भेजे जाने चाहिए. सरकार खुद भी दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 432 और 433 के अंतर्गत इस शक्ति का उपयोग कर सकती है, और यह कार्रवाई भी उसी एक महीने की अवधि में होनी चाहिए.'
भारत ने पुर्तगाल को दिया था 25 साल की सजा का आश्वासन
अबू सलेम को 1993 मुंबई सीरियल बम धमाकों और बिल्डर प्रदीप जैन की हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी. हालांकि, सलेम ने अदालत में यह दलील दी कि जब उसे पुर्तगाल से भारत लाया गया (प्रत्यर्पण हुआ) था, तब भारत सरकार ने पुर्तगाल सरकार को यह आश्वासन दिया था कि उसे 25 साल से अधिक की सजा नहीं दी जाएगी. सुप्रीम कोर्ट ने भी इस आश्वासन को मान्यता दी और कहा कि सलेम को 25 साल बाद रिहा किया जाना चाहिए- यानी 2030 तक.

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