
कश्मीर घाटी में टारगेट किलिंग के बीच गृहमंत्री अमित शाह की हाईलेवल मीटिंग, अमरनाथ यात्रा पर हुआ ये फैसला
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कश्मीर घाटी टारगेट किलिंग से दहल उठी है. कश्मीरी पंडित पलायन को मजबूर हैं. इसी बीच गृहमंत्री अमित शाह ने हाईलेवल मीटिंग बुलाई. इसमें घाटी की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की गई.
कश्मीर में हालात भयावह होते जा रहे हैं. टारगेट किलिंग की घटनाओं के चलते कश्मीर घाटी से कश्मीरी पंडितों का पलायन जारी है. ये कश्मीरी पंडित और सरकारी कर्मचारी घाटी से जम्मू आ रहे हैं. कश्मीरी पंडितों ने अपना दर्द और खौफ बयां किया. वह बोले कि इस बात की हमें निराशा है कि सरकार हमें बचाने में विफल रही है. वहीं दिल्ली में गृहमंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को हाईलेवल मीटिंग बुलाई थी. इसमें उपराज्यपाल मनोज सिन्हा, सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल, जम्मू कश्मीर के डीजीपी, सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे भी शामिल हुए. इस दौरान अमरनाथ यात्रा को लेकर भी मंथन किया गया.
एजेंसी के मुताबिक केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता वाली हाईलेवल मीटिंग में घाटी में रहने वाले कश्मीरी पंडितों की सुरक्षा पर चर्चा हुई. इस दौरान गृहमंत्री ने जम्मू-कश्मीर में मौजूदा स्थिति का जायजा लिया. मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि गृह मंत्री ने घाटी में रह रहे कश्मीरी पंडितों की सुरक्षा को लेकर जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की. उन्होंने बताया कि मध्य कश्मीर के बडगाम जिले के चदूरा इलाके में 12 मई को राहुल भट्ट की हत्या हुई थी. इसके बाद कश्मीरी पंडितों में आक्रोश व्याप्त है. वह लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं.
मंत्रालय के अधिकारी ने कहा कि 30 जून से 11 अगस्त तक अमरनाथ यात्रा का आयोजन किया जाएगा. लेकिन बैठक में फैसला लिया गया है कि अमरनाथ यात्रा को लेकर कोई भी बदलाव नहीं किया जाएगा.
हाल ही में घाटी में टारगेट किलिंग की घटनाएं बढ़ी हैं. इसमें आतंकियों ने गैर-मुस्लिम, सुरक्षाकर्मी, एक कलाकार और स्थानीय नागरिकों को निशाना बनाया. राहुल भट्ट की हत्या के बाद विभिन्न स्थानों पर लगभग 6,000 कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया. ये लोग घाटी के बाहर ट्रांसफर किए जाने की मांग कर रहे हैं. वहीं जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने कहा कि कर्मचारियों को घाटी से बाहर नहीं जाने देंगे, बल्कि सुरक्षित स्थानों पर ट्रांसफर किया जाएगा.
गृहमंत्री अमित शाह ने 15 दिन में दूसरी हाईलेवल मीटिंग बुलाई है. बैठक में केंद्रीय गृह सचिव अजय कुमार भल्ला, खुफिया ब्यूरो के निदेशक अरविंद कुमार, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के महानिदेशक कुलदीप सिंह, सीमा सुरक्षा बल के प्रमुख पंकज सिंह और जम्मू-कश्मीर के पुलिस महानिदेशक दिलबाग सिंह सहित अन्य अधिकारी शामिल हुए.

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