
आंध्र के सरकारी अस्पताल में डॉक्टर ने महिला को चढ़ाया ओ पॉजिटिव की जगह एबी पॉजिटिव ब्लड, मौत
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आंध्र के एक सरकारी अस्पताल में डॉक्टरों किडनी संबंधी रोग से पीड़ित महिला को ओ पॉजिटिव ब्लड की जगह एबी पॉजिटिव ब्लड चढ़ा दिया, जिससे महिला की मौत हो गई. महिला के परिवार ने बताया कि ड्यूटी पर तैनात एक हाउस सर्जन ने गलती से ओ पॉजिटिव जगह 'एबी पॉजिटिव' ब्लड चढ़ाना शुरू कर दिया. जिससे उसकी हालत बिगड़ गई और मौत हो गई.
आंध्र प्रदेश के काकीनाडा सरकारी अस्पताल में डॉक्टरों की लापरवाही से 34 वर्षीय महिला रोगी की मौत हो गई. बताया जा रहा है कि डॉक्टरों ने महिला को गलती से गलत ब्लड ग्रुप का ब्लड चढ़ा दिया था, जिससे उसकी मौत हो गई.
पश्चिम गोदावरी जिले के पलकोल्लू की रहने वाली भावना सिरिशा चार साल से किडनी की बीमारी से जूझ रही थीं. 4 नवंबर को उन्हें इलाज के लिए काकीनाडा जीजीएच में भर्ती कराया गया था. डॉक्टरों ने उसके कम हीमोग्लोबिन स्तर को ठीक करने के लिए 'ओ पॉजिटिव' ब्लड चढ़ाने की सलाह दी.
सिरिशा के परिवार के अनुसार, अस्पताल के ब्लड बैंक ने आवश्यक ब्लड की आपूर्ति की थी. हालांकि, मंगलवार शाम को एडवांस्ड मेडिकल केयर यूनिट (एएमसीयू-2) में ड्यूटी पर तैनात एक हाउस सर्जन ने गलती से उसकी जगह 'एबी पॉजिटिव' ब्लड चढ़ाना शुरू कर दिया. इसके बाद महिला के रिश्तेदारों ने सर्जन से पूछताछ की तो उन्होंने कथित तौर पर उनकी चिंताओं को खारिज कर दिया.
वहीं, बाद में एक स्नातकोत्तर डॉक्टर ने मामले में दखल देते हुए महिला को सही ओ पॉजिटिव ब्लड लाया. लेकिन गलत ब्लड का संक्रमण पहले ही शुरू हो चुका था. हालांकि, एबी पॉजिटिव ब्लड पैकेट तुरंत हटा दिया. लेकिन महिला का हालत बिगड़ती चली गई और महिला के ऑक्सीजन स्तर को स्थिर करने की कोशिश में बुधवार सुबह महिला का निधन हो गया.
अस्पताल अधीक्षक डॉ. लावण्या कुमारी ने परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की और उन्हें घटना की गहन जांच का आश्वासन दिया. अस्पताल ने मामले की जानकारी राज्य के स्वास्थ्य मंत्री को भी दी.
उन्होंने बताया कि पीड़ित परिवार को 3 लाख का सरकारी मुआवजा दिया गया, लेकिन सिरिशा की मां इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रही हैं.

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