
अमेरिका को भारी पड़े अफगानिस्तान में 20 साल, जानिए कितने अरब डॉलर और सैनिकों की कीमत चुकाई
AajTak
अमेरिकी सैनिक 20 वर्षों के बाद 31 अगस्त को अफगानिस्तान छोड़कर जा चुके हैं. अब अमेरिका का अफगानिस्तान में होना अतीत का एक किस्सा बन गया है. तालिबान सत्ता पर काबिज हो गया है. अमेरिका ने अपने हजारों नागरिकों को अफगानिस्तान में गंवा दिया. लेकिन हासिल क्या हुआ? अफगानिस्तान अब तक अस्थिर ही है.
अफगानिस्तान, अब अमेरिका के लिए अतीत में मिला ऐसा सबक है, जिसे वह याद नहीं करना चाहेगा. अमेरिका ने यहां सिर्फ गंवाया. अर्थव्यवस्था से लेकर नागरिकों के बलिदान तक, अमेरिका में अफगानिस्तान का हासिल शून्य है. 20 साल तक लगातार अफगानिस्तान की बांगडोर संभालने वाला अमेरिका, ऐसे लौटा कि उसके हाथ कुछ नहीं आया.
दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल ने 13 हजार करोड़ रुपये के अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी नेटवर्क से जुड़े एक अहम आरोपी तिलक प्रसाद शर्मा को सिक्किम से गिरफ्तार किया है. मामला 1,290 किलो कोकीन, मेफेड्रोन और 40 किलो थाई मारिजुआना की बरामदगी से जुड़ा है. जांच में खुलासा हुआ है कि इस नेटवर्क के तार कई देशों से जुड़े हैं और अब तक 17 आरोपी पकड़े जा चुके हैं.

रांची के ओरमांझी थाना क्षेत्र से 22 नवंबर 2025 से लापता कन्हैया को रांची पुलिस ने कोडरमा से सकुशल बरामद कर लिया है. इस सफलता को पुलिस की लगातार तीन बड़ी कामयाबियों में से एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है. रांची पुलिस ने लगातार प्रयास कर लापता व्यक्ति को सुरक्षित घर वापस लाने में सफलता हासिल की है.

यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने पीएम मोदी के निमंत्रण पर दो घंटे के लिए भारत का दौरा किया है. इस दौरान पीएम मोदी ने एयरपोर्ट पर उनका स्वागत किया और दोनों नेताओं ने व्यापार, रक्षा, ऊर्जा और क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा की. यह दौरा भारत-यूएई रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने का अवसर है.










