
अमेरिका के सामने झुकने के बजाय ईरान उससे लड़ना क्यों चुन सकता है?
BBC
अमेरिका खाड़ी क्षेत्र में अपनी सैन्य तैनाती बढ़ा रहा है तो वहीं ईरान भी सैन्य अभ्यास कर रहा है. ताक़तवर अमेरिका के सामने ईरान के पास क्या-क्या विकल्प हैं?
ईरान से सटे इलाके में अमेरिकी सेना की लगातार बढ़ती तैनाती अब सिर्फ़ संकेत देने तक सीमित नहीं लगती. बल्कि ये वास्तविक तैयारी का संकेत दे रही है.
अमेरिकी युद्धपोत यूएसएस अब्राहम लिंकन के ईरानी जलक्षेत्र के पास पहुंचने से स्थिति पहले ही काफी गंभीर मानी जा रही है.
एक अन्य विमानवाहक पोत यूएसएस जेराल्ड आर फोर्ड अब पूरब दिशा की ओर बढ़ रहा है ताकि संभावित सैन्य अभियानों में शामिल हो सके.
इसे आख़िरी बार जिब्राल्टर जलडमरूमध्य के पास देखा गया था.
इसके अलावा दूसरे सैन्य साजो-सामान भी इस इलाके में लाए गए हैं.
इससे ये संकेत मिलता है कि अमेरिका यहां कई स्तरों पर सैन्य कार्रवाई के लिए विकल्प तैयार कर रहा है.
ऐसी सैन्य तैनाती कूटनीति में दबाव बनाने का ज़रिया हो सकती है. लेकिन इन सभी कदमों को मिलाकर देखा जाए तो यह संकेत भी मिलता है कि ईरान और अमेरिका के बीच चल रही बातचीत में कोई अड़चन आ गई है.













