
Silver Surges: 50 हजार रुपये महंगी हुई चांदी, फिर कीमत 3 लाख की ओर बढ़ने लगी, जानिए कारण
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Silver Strong Comeback: मौजूदा समय में ग्लोबल संकट है, क्योंकि युद्ध चल रहा है, ऐसे समय में लोग सोने-चांदी को सुरक्षित निवेश मानते हैं, इसलिए नई खरीद भी लौटी है, और जब भी मांग बढ़ती है तो कीमतों में उछाल आने लगती है.
पिछले कुछ महीनों से सोने के मुकाबले चांदी की ज्यादा चर्चा हो रही है. चांदी के खरीदार भी बढ़े हैं, और भाव भी. रिटर्न के मामले में चांदी ने पिछले करीब 2 वर्षों में सोने को काफी पीछे छोड़ दिया है.
इस बीच 29 जनवरी 2026 को चांदी (Silver) की कीमत रिकॉर्ड 4.20 लाख रुपये प्रति किलो पहुंच गई थी. लेकिन उसके बाद अचानक बड़ी गिरावट आई और 2 फरवरी 2026 चांदी की कीमत गिरकर 2.25 लाख रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई. लाखों ऐसे निवेशक फंस गए, जिन्होंने 4 लाख रुपये के आसपास खरीदारी की थी.
अब एक बार फिर चांदी ने जोरदार वापसी की है, चांदी 2 फरवरी के निचले स्तर से करीब 50 हजार रुपये प्रति किलो तक महंगी हो चुकी है, क्योंकि चांदी को लेकर निवेशकों और ट्रेडर्स की दिलचस्पी फिर से बढ़ने लगी है. गुरुवार 12 मार्च को चांदी की कीमत MCX पर बढ़कर 2.75 लाख रुपये किलो तक पहुंच गई.
चांदी में फिर लौटने लगी तेजी
हालांकि चांदी की कीमतों में ऐतिहासिक उछाल के पीछे भी अंतरराष्ट्रीय कारण थे, और अचानक मुनाफावसूली के पीछे भी विदेशी कारण थे. जिससे 2 फरवरी को चांदी का भाव गिरकर करीब 2.25 लाख रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया था, जो हाल के समय का सबसे निचला स्तर माना गया. लेकिन करीब 40 दिन में ही चांदी 50 हजार रुपये महंगी हो चुकी है, और ताजा भाव 2.76 लाख रुपये प्रति किलो है. यानी धीरे-धीरे चांदी की कीमत 3 लाख रुपये की ओर बढ़ रही है.
मौजूदा समय में ग्लोबल संकट है, क्योंकि युद्ध चल रहा है, ऐसे समय में लोग सोने-चांदी को सुरक्षित निवेश मानते हैं, इसलिए नई खरीद भी लौटी है, और जब भी मांग बढ़ती है तो कीमतों में उछाल आने लगती है. इसी का नतीजा है कि चांदी की कीमत निचले स्तर से लगभग 50 हजार रुपये प्रति किलो तक उछल चुकी है.

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