
Punjab: 21 साल का कबड्डी खिलाड़ी अरेस्ट, गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के करीबी को सप्लाई किए थे हथियार
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पंजाब पुलिस ने इनपुट के बाद 21 साल के कबड्डी प्लेयर जसकरण सिंह उर्फ करण को गिरफ्तार किया है. आरोपी ने लॉरेंस बिश्नोई के बेहद करीबी गैंगस्टर बलदेव चौधरी को मार्च में हथियार सप्लाई किए थे. सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड से इन हथियारों की कड़ी जोड़कर देखी जा रही है.
पंजाब पुलिस ने इनपुट के आधार पर 21 साल के कबड्डी प्लेयर जसकरण सिंह उर्फ करन को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि जसकरण ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के बेहद करीबी बलदेव चौधरी को मार्च में हथियार सप्लाई किए थे. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि जो हथियार जसकरण ने बिश्नोई गैंग के शूटर को दिए थे, कहीं उनका इस्तेमाल पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या में तो नहीं किया गया था.
पुलिस ने बताया कि पटियाला जिले के भादसों निवासी कबड्डी खिलाड़ी जसकरण सिंह उर्फ करण को इस साल मार्च में गैंगस्टर गोल्डी बरार से 3 हथियार मिले थे. करण ने पूछताछ के दौरान पुलिस को बताया कि उसने बरार के कहने पर उन तीन हथियारों को अलग-अलग लोगों में बांट दिया था, जिनमें बलदेव चौधरी भी शामिल था. हालांकि, बाद में बलदेव ने एक हथियार वापस कर दिया था. बाकी के दो लोगों को वह व्यक्तिगत रूप से नहीं जानता. बता दें कि लॉरेंस का सहयोगी बलदेव चौधरी पहले से ही एक ट्रांसपोर्टर को पीटने और अवैध हथियार रखने के आरोप में पुलिस हिरासत में है.
जसकरण ने पुलिस को बताया कि वह गोल्डी बरार के चचेरे भाई और पूर्व छात्र नेता गुरलाल बरार का दोस्त था. वह गुरलाल के जरिए ही गोल्डी बरार के संपर्क में आया था. दोस्त गुरलाल की हत्या के बाद, गोल्डी बरार एक कॉलिंग ऐप के माध्यम से उसके संपर्क में था. माना जाता है कि पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड का आरोपी गोल्डी बरार कनाडा में बैठा है.
बता दें कि बलदेव चौधरी को बीते 19 जून को ही अवैध हथियारों के साथ गिरफ्तार किया गया था. उसे बंद लॉरेंस बिश्नोई का बेहद करीबी दोस्त माना जाता है. चौधरी ही बिश्नोई की मां की भी देखभाल करता था और अक्सर उसे अपने बेटे से मिलने के लिए दिल्ली तिहाड़ जेल ले जाता था. बता दें कि गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई इन दिनों तिहाड़ जेल में बंद है. उससे भी मूसेवाला हत्याकांड को लेकर पूछताछ की गई.
गौरतलब कि पंजाबी गीतकार शुभदीप सिंह सिद्धू उर्फ सिद्धू मूसेवाला की 29 मई को हत्या कर दी गई थी. उनको मानसा जिले में उनके गांव मूसा के पास मारा गया था. तब उनकी गाड़ी पर बदमाशों ने करीब 30 राउंड फायरिंग की थी. इस हत्याकांड के पीछे गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और कनाडा में बैठे उसके सहयोगी गोल्डी बरार का हाथ था.

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