
Aaj Ki Taza Khabar: पढ़ें 26 दिसंबर 2025 की शाम की टॉप खबरें और अन्य समाचार
AajTak
सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को मुनाफावसूली के चलते सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट आई. वहीं, भारतीय सेना ने 20 टैक्टिकल रिमोटली पाइलटेड एयरक्राफ्ट ख़रीदने की योजना बनाई.
आज की ताजा खबर (Aaj Ki Taza Khabar), 26 दिसंबर, 2025 की खबरें और समाचार: सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को मुनाफावसूली के चलते सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट आई. वहीं, भारतीय सेना ने सीमा पर निगरानी को और मजबूत करने के लिए 20 टैक्टिकल रिमोटली पाइलटेड एयरक्राफ्ट (RPAs यानी ड्रोन) ख़रीदने की योजना बनाई है. पढ़ें शुक्रवार शाम की 10 बड़ी खबरें.
ये 3 बड़े कारण... आज शेयर बाजार में आई गिरावट, निवेशकों को तगड़ा नुकसान!
सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को मुनाफावसूली के चलते सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट आई. दिन के अंत में सेंसेक्स 367.25 अंक या 0.43 प्रतिशत गिरकर 85,041.45 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 99.80 अंक या 0.38 प्रतिशत गिरकर 26,042.30 पर बंद हुआ. बीएसई के टॉप 30 शेयरों में से 6 शेयरों को छोड़कर बाकी सभी शेयर लाल निशान पर बंद हुए.
बॉर्डर इलाकों के लिए सेना ने मंगाए 20 ड्रोन, PAK-चीन बॉर्डर पर होगा इस्तेमाल
भारतीय सेना ने सीमा पर निगरानी को और मजबूत करने के लिए 20 टैक्टिकल रिमोटली पाइलटेड एयरक्राफ्ट (RPAs यानी ड्रोन) ख़रीदने की योजना बनाई है. इनमें से 10 ड्रोन मैदानी इलाकों के लिए और 10 ऊंचाई वाले क्षेत्रों (हाई एल्टीट्यूड) के लिए होंगे. ऑपरेशन सिंदूर के बाद सेना ने ड्रोन का इस्तेमाल बहुत बढ़ा दिया है.
सुप्रीम कोर्ट की रोक के बाद भी अरावली बना अवैध खनन का अड्डा, दो दशकों में 21 हजार से ज्यादा मामले दर्ज

महायुद्ध के 19 दिन हो चुके हैं. मैं इस वक्त इजरायल के तेल अवीव में हूं. आज की रात महायुद्ध में बहुत गंभीर हो सकती है. क्योंकि महायुद्ध अब बेकाबू होने के मोड़ पर पहुंच सकता है. हमारा मकसद डराना नहीं है. ध्यान से इस बात को कहने की वजह समझिएगा. अमेरिका-इजरायल बनाम ईरान की जंग में एक दूसरे पर ताबड़तोड़ वार-पलटवार हो रहे हैं. ताजा खबर ये है कि इजरायल ने ईरान की सबसे बड़े गैस ठिकाने पर हमला किया है. इजरायल ने ये हमला अमेरिका की मदद से किया है. जो दक्षिण पश्चिम ईरान में है.

अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर की NSA अजित डोभाल संग बैठक, डिफेंस-इंटेलिजेंस समेत कई मुद्दों पर हुई बात
अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने बुधवार को भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल के साथ बैठक की, जिसमें हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सुरक्षा और रणनीतिक सहयोग पर चर्चा हुई. दोनों देशों ने डिफेंस, इंटेलिजेंस और टेक्नोलॉजी में साझेदारी मजबूत करने पर जोर दिया.

ईरान अपने सुरक्षा प्रमुख की मौत के शोक में डूबा हुआ है और इंतकाम की कसमें खा रहा है. उधर इजरायल और अमेरिका इस उम्मीद में हैं कि उसने ईरान के तमाम बड़े नेता, कमांडर और प्रमुख मार दिए हैं, तो अब ईरान सरेंडर करेगा. लेकिन ईरान सरेंडर के मोड में नहीं है. इस बीच दुनिया हैरान है कि जब इजरायल और अमेरिका इतने हमले कर रहा है तो ईरान के सुरक्षा प्रमुख खुद को सुरक्षित क्यों नहीं रख पाए. इजरायल ने कैसे अली लारीजानी को मारा.

जैसे जैसे अमेरिका, इजरायल और ईरान का युद्ध आगे बढ़ रहा है वैसे वैसे तबाही की तस्वीरें सामने आ रही हैं, एक तरफ अमेरिका और इजरायल ईरान को निशाना बना रहे हैं उनके शहरों में धमाके कर रहे हैं. दूसरी ओर ईरान भी पलटवार कर रहा है. लेकिन आज सुबह इजरायली हमले के बाद बेरूत का रिहायशी इलाका कब्रगाह में बदल गया और चीख पुकार मचने लगी, इजरायल ने बेरूत में 22 मंजिला इमारत को निशाना बनाया गया.

दिल्ली-एनसीआर में पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम अचानक बदल गया है. ठंडी हवाएं, बादल और हल्की बारिश से तापमान में गिरावट आई है और लोगों को गर्मी से राहत मिली है. मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक हल्की बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का अनुमान जताया है. गुरुवार और शुक्रवार के लिए येलो अलर्ट जारी है. तापमान 27 से 31 डिग्री के बीच रह सकता है और 21 मार्च के बाद मौसम धीरे-धीरे साफ होगा.

16 मार्च को वाराणसी में गंगा में नाव पर इफ्तार पार्टी मनाना कुछ मुस्लिम युवकों को महंगा पड़ गया. बीजेपी और हिंदूवादी संगठन का आरोप है कि, इन लोगों ने रोजा इफ्तार पार्टी करने के बाद गंगा नदी में बिरयानी और हड्डियां फेंक दीं. जैसे ही स्थानीय बीजेपी नेता की ओर से इन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई, पुलिस हरकत में आई और आनन फानन में 14 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. अब संत समाज और बीजेपी इसे हिंदुओं के खिलाफ सोची समझी साजिश करार दे रहे हैं तो विपक्ष पूछ रहा है कि, गंगा में इफ्तार पार्टी करने से कौन सा कानून तोड़ा गया जो पुलिस ने इन लोगों को गिरफ्तार कर लिया. सवाल है कि, ये कौन लोग हैं जिन्हें यूपी की अमन शांति रास नहीं आ रही.

जेडीयू नेता केसी त्यागी ने पार्टी की सदस्यता का नवीनीकरण न कराकर अपने राजनीतिक रुख को स्पष्ट कर दिया है. उनके इस कदम को बिहार की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों और नेतृत्व परिवर्तन की संभावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है. साथ ही, पार्टी के भीतर नई पीढ़ी के उभार और पुराने नेताओं की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं.






