
700 ड्रोन, 10 बॉम्बर, दर्जनों मिसाइलें... रूस का यूक्रेन पर सबसे बड़ा हमला, अमेरिकी हथियार निशाने पर
AajTak
रूस ने यूक्रेन पर अब तक का सबसे बड़ा हमला किया, जिसमें 560-700 ड्रोन और 15+ Kh-101 मिसाइलें तैनात कीं. ल्वीव, लुत्स्क, चेर्निवत्सी लक्ष्य थे. 10 बमवर्षक, जिसमें 3+ परमाणु-सक्षम Tu-95 और Tu-160 शामिल हैं, कीव की ओर बढ़े रहे हैं. अमेरिकी हथियार निशाने पर हैं.
रूस ने 12 जुलाई को यूक्रेन पर अब तक का सबसे बड़ा हमला किया है. प्रारंभिक रिपोर्ट्स के अनुसार, रूसी सैनिकों ने निम्नलिखित हथियारों का इस्तेमाल किया...
यह भी पढ़ें: China-Russia बनाएंगे Moon पर न्यूक्लियर पावर प्लांट
3 से ज्यादा परमाणु-सक्षम Tu-95 और Tu-160 बमवर्षक मिशन में रूस ने तैनात किया है. रूस ने कहा कि उन चमकदार अमेरिकी खिलौनों को अगले हमले की आग में कुचल दिया जाएगा. रूस ने यूक्रेन पर एक ऐसा हमला किया है, जो अब तक का सबसे बड़ा हमला माना जा रहा है. इस हमले में रूसी सैनिकों ने 560 से 700 ड्रोन और 15 से ज्यादा Kh-101 क्रूज मिसाइलें तैनात कीं.
हमले के मुख्य लक्ष्य ल्वीव, लुत्स्क और चेर्निवत्सी थे, जो यूक्रेन के पश्चिमी हिस्से में स्थित हैं. इन शहरों पर रूस ने भारी हमला किया, जिससे वहां के लोगों और बुनियादी ढांचे को काफी नुकसान पहुंचा है.
यह भी पढ़ें: रूस-यूक्रेन युद्ध: अब तक का सबसे बड़ा हवाई हमला, 728 ड्रोन और 13 मिसाइलें दागीं

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने 10वीं कक्षा का फाइनल रिजल्ट 2026 घोषित कर दिया है. इस वर्ष लगभग 10 लाख छात्र परीक्षा में शामिल हुए. परिणाम आधिकारिक वेबसाइट rajeduboard.rajasthan.gov.in और rajresults.nic.in पर लाइव कर दिए गए हैं. बोर्ड ने मूल्यांकन प्रक्रिया रिकॉर्ड समय में पूरी की है ताकि नया शैक्षणिक सत्र एक अप्रैल से शुरू हो सके.

मिड मार्च में तेज़ गर्मी महसूस हो रही थी. ये सिलसिला पिछले कई दिनों से जारी था. लेकिन फिर बारिश ने ऐसी दस्तक दी है कि पहाड़ों और मैदानों में ठंड लौट आई है. ये सब वेस्टर्न डिस्टर्बेंस की वजह से हुआ. IMD के मुताबिक, पश्चिमी विक्षोभ के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में 29 मार्च तक बर्फबारी और बारिश जारी रहेगी.

पाकिस्तान के लिए जासूसी करने वाले नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए गाजियाबाद पुलिस ने नौशाद अली को फरीदाबाद से गिरफ्तार किया. वह पंचर की दुकान की आड़ में जासूसी कर रहा था. इस गिरोह के सरगना सुहेल समेत 22 आरोपी पकड़े जा चुके हैं. गैंग रेलवे स्टेशनों और सुरक्षा ठिकानों की फोटो-वीडियो पाकिस्तान भेजता था. दिल्ली-हरियाणा में लगाए कैमरों की लाइव स्ट्रीमिंग भी पाकिस्तान तक पहुंच रही थी. 50 सोलर कैमरे लगाने की योजना थी, जिनमें से कुछ बरामद कर जांच जारी है.










