
'सांसद जी! फंड नहीं था तो खेल क्यों कराए?' खिलाड़ियों ने फेंके मेडल, फाड़े सर्टिफिकेट
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Sansad Khel Mahotsav: खिलाड़ियों का कहना था कि बड़वानी जिले में आयोजित इसी महोत्सव में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पाने वालों को नकद राशि दी गई, लेकिन खरगोन में उन्हें सिर्फ मेडल और प्रमाण पत्र थमा दिए गए.
मध्य प्रदेश के खरगोन में 'सांसद खेल महोत्सव' समापन समारोह के दौरान खिलाड़ियों ने हंगामा कर दिया. उन्होंने राज्यसभा सांसद का घेराव कर दिया. खिलाड़ियों ने मैडल फेंकें, प्रमाण पत्र फाड़े, भूखे प्यासे रखने के लगाए गंभीर आरोप लगाए. कहा कि सांसद के पास पुरस्कार की राशि नहीं, तो खेल महोत्सव क्यों कराया?
शहर के बिस्टान रोड स्थित स्टेडियम मैदान पर खेल महोत्सव के समापन के दौरान जिले के स्कूली खिलाड़ियों ने अपने अपने प्रमाण पत्र फाड़कर और मेडल्स को मैदान पर फेंककर आक्रोश जताया. गुस्साए खिलाड़ियों ने राज्यसभा सांसद सुमेरसिंह सोलंकी का घेराव कर पुस्कार राशि की मांग की.
सांसद खिलाड़ियों का विरोध दिखते हुए बगैर बात किए गाड़ी में बैठकर निकल गए. इससे खिलाड़ियों का रोष और बढ़ गया. आक्रोशित खिलाड़ियों ने मैदान पर जमकर हंगामा किया और प्राप्त मैडल मैदान पर फेंककर, और प्रमाण पत्र फाड़कर फेंक दिए.
खिलाड़ियों कहना था कि बड़वानी जिले में सांसद सुमेर सिंह सोलंकी द्वारा प्रथम, द्विवतीय और तृतीय पुस्कार के रूप में नगद राशि दी गई और यहां पर राशि नही दी गई. खेल के दौरान खाने पीने की कोई व्यवस्था की गई.
वहीं, राज्यसभा सांसद सुमेरसिंह सोलंकी ने बताया, ''मेरे पास फंड की व्यवस्था नहीं है. जहां भी दिया गया. वहां अपने अपने स्तर से फंड दिया गया है. जिले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर सांसद खेल महोत्सव का शुभारंभ किया गया था और गुरुवार को पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के जन्मदिन पर समापन किया गया.''
इस दौरान अव्वल खिलाड़ियों को पुरस्कार के रूप में केवल मैडल और प्रमाण पत्र दिए गए, जबकि लोकसभा क्षेत्र खरगोन के ही बड़वानी जिले में पुरस्कार राशि भी प्रथम, द्वितीय और तृतीय खिलाड़ियों को दिए गए.

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