
रेलवे स्टेशन पर अकेली बैठी मिली 12 साल की बच्ची, पुलिस ने मेडिकल कराया तो हुआ रेप का खुलासा
AajTak
महाराष्ट्र के नवी मुंबई में सनसनीखेज मामला सामने आया है. यहां 12 साल की बच्ची रेलवे स्टेशन पर अकेली बैठी मिली. पुलिस ने जब उससे उसका नाम पता पूछा तो वह कुछ भी नहीं बता सकी. इसके बाद उसका मेडिकल कराया गया, जिसमें रेप का खुलासा हुआ है. पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. इसी के साथ उसके परिवार का भी पता लगाया जा रहा है.
महाराष्ट्र के नवी मुंबई में रेलवे स्टेशन पर एक नाबालिग लड़की लावारिस हाल में मिली. लड़की के बारे में जब पुलिस को सूचना मिली तो मौके पर पहुंची और उसे अस्पताल में भर्ती कराया. पुलिस की जांच में लड़की के साथ रेप की जानकारी सामने आई है. अभी तक लड़की के परिवार के बारे में पता नहीं चल सका है. फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की जांच में जुटी है.
एजेंसी के अनुसार, यह मामला नवी मुंबई टाउनशिप में एक रेलवे स्टेशन का है. यहां 12 साल की बच्ची लावारिस हालत में मिली. जांच में सामने आया है कि उसके साथ रेप किया गया है. पुलिस का कहना है कि वाशी सरकारी रेलवे पुलिस (जीआरपी) ने इस संबंध में मामला दर्ज कर लिया है. पीड़ित बच्ची के उसके परिवार के बारे में पता लगाया जा रहा है.
यह भी पढ़ें: घर में घुसकर नाबालिग से रेप की कोशिश, चिल्लाई बेटी तो दौड़े आए घरवाले, आरोपी को जमकर पीटा
पुलिस ने कहा कि लड़की नवी मुंबई के घनसोली रेलवे स्टेशन के एक प्लेटफॉर्म पर अकेली मिली थी. वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक राजेश शिंदे ने बताया कि गश्त पर तैनात पुलिसकर्मियों ने लड़की को देखा तो उससे पूछताछ की, लेकिन वह अपना नाम या अपने या अपने परिवार के बारे में कोई न्य जानकारी नहीं दे सकी.
उन्होंने बताया कि लड़की को मेडिकल जांच के लिए ले जाया गया, जिसमें पता चला कि उसके साथ रेप किया गया है. लड़की घटना के बारे में कोई जानकारी नहीं दे सकी है. इस मामले में पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है. अधिकारी ने कहा कि पीड़िता और उसके परिवार की पहचान करने की कोशिश की जा रही है. इसी के साथ आरोपियों को पकड़ने के प्रयास जारी हैं.

यूपी में जल जीवन मिशन में लापरवाही पर सरकार ने बड़ा एक्शन लिया है. 12 जिलों के 26 इंजीनियरों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 12 को निलंबित किया गया, जबकि अन्य पर जांच, नोटिस और तबादले की कार्रवाई हुई है. खराब गुणवत्ता, धीमी प्रगति और शिकायतों के बाद यह कदम उठाया गया. सरकार ने स्पष्ट किया है कि हर घर नल योजना में किसी भी तरह की लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

कड़क है नॉर्थ बंगाल की चुनावी चाय! 54 सीटों में छुपा सत्ता का स्वाद, स्विंग वोटर्स करेंगे असली फैसला
उत्तर बंगाल की 54 सीटें पश्चिम बंगाल की सत्ता की चाबी मानी जाती हैं, जहां चुनावी ‘चाय’ का स्वाद हर बार बदलता है. टीएमसी और बीजेपी के बीच सीधी टक्कर में यह इलाका स्विंग जोन की भूमिका निभाता है. चाय बागान, पहाड़ी राजनीति, आदिवासी और राजवंशी वोटबैंक जैसे कई फैक्टर नतीजों को प्रभावित करते हैं. छोटे वोट शिफ्ट भी यहां बड़ा असर डाल सकते हैं, जिससे तय होगा कि राज्य की सत्ता किसके हाथ जाएगी.

मर तो वो 13 साल पहले गया था लेकिन मौत सचमुच तब उसके हिससे में आई जब इस चिता में लेटने के बाद जब हरीश की आत्मा की लाइट यानी रोशनी चिता से उठती इस आग के साथ मिलकर हमेशा-हमेशा के लिए ये दुनिया छोड़ गई. पर इस दुनिया को छोड़ने से पहले हरीश आजादा भारत के इतिहास का पहला भारतीय बन गया जिसे अदालत और अस्पताल ने मिलकर मां-बाप की इच्छा को ध्यान में रखते हुए इच्छामृत्यु दी.










