
यूक्रेन समेत पूरी दुनिया को क्यों सता रहा पुतिन के न्यूक्लियर हमले का डर? यह है वजह
AajTak
यूक्रेन पर रूस के हमले को 54 दिन बीत चुके हैं फिर भी वो उसे हरा नहीं पाया है. इससे पुतिन बहुत हताश हैं. यूक्रेन में रूस की सेना के बड़े नुकसान से सुपर पावर की इमेज ध्वस्त हो गई है. रूस में पुतिन की छवि को भी भारी धक्का लगा है, जिससे पुतिन की स्थिति कमजोर हुई है. यूक्रेन को दुनिया भर से हथियार मिलने से भी पुतिन गुस्से में हैं. ये कुछ कारण हैं, जिसकी वजह से एक्सपर्ट मानते हैं कि पुतिन परमाणु युद्ध शुरू कर सकते हैं. यूक्रेन में परमाणु हमला दुनिया को सबसे भयानक युद्ध की तरफ धकेल सकता है, जिसकी आशंका से दुनिया डरी हुई है. ज्यादा जानकारी के लिए देखें वीडियो.

वॉशिंगटन में शांति परिषद की पहली बैठक में गाजा पट्टी की वर्तमान स्थिति और क्षेत्रीय स्थिरता पर गहन चर्चा हुई. बैठक में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की भूमिका को मजबूत करने पर जोर दिया गया और निर्णय लिया गया कि गाजा में शांति बनाए रखने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल तैनात किया जाएगा. इस बल में इंडोनेशिया, मोरक्को, कजाकिस्तान, कोसोवो और अल्बानिया जैसे पांच देश अपने सैनिक भेजेंगे. देखें वीडियो.

आज सबसे पहले आपको उस रिपोर्ट के बारे में बताएंगे, जिसके मुताबिक अमेरिका ने ईरान पर हमले की तारीख मुकर्रर कर दी है. और ये हमला इस हफ्ते के आखिर तक हो सकता है. ट्रंप ने ईरान को धमकी देते हुए कहा है कि ईरान नहीं माना तो हमला होगा. रमज़ान का महीना शुरू हो गया है और ये मुसलमानों के लिए पाक महीना माना जाता है. ऐसे में सवाल उठता है कि अगर अमेरिका ने ईरान पर रमजान के महीने में हमला किया तो मुस्लिम देश क्या करेंगे?











