
'मुसलमानों को गुमराह न करें...', भगोड़े जाकिर नाइक के पोस्ट पर केंद्रीय मंत्री ने किया पलटवार
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इस्लामिक उपदेशक जाकिर नाइक ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, "भारतीय वक्फ संपत्तियों को बचाएं, वक्फ संशोधन विधेयक को अस्वीकार करें! आइए हम सब मिलकर वक्फ की पवित्रता की हिफाजत करें."
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू (Kiren Rijiju) ने को इस्लामिक उपदेशक जाकिर नाइक (Zakir Naik) के द्वारा किए गए सोशल मीडिया पोस्ट पर जवाब दिया है. उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, "भारत में मुसलमानों को गुमराह न करें. देश के लोगों को अपनी राय रखने का अधिकार है." किरेन रिजिजू की यह टिप्पणी जाकिर नाइक की पोस्ट के बाद आई है, जिसमें उन्होंने भारत के मुसलमानों से 'वक्फ की पवित्रता की रक्षा के लिए एक साथ खड़े होने' और 'वक्फ संशोधन विधेयक को नकारने' के लिए कहा था.
जाकिर नाइक ने क्या कहा था?
जाकिर नाइक ने रविवार 8 सितंबर को अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, "भारतीय वक्फ संपत्तियों को बचाएं, वक्फ संशोधन विधेयक को अस्वीकार करें! आइए हम सब मिलकर वक्फ की पवित्रता की हिफाजत करें और मुस्तकबिल की पीढ़ियों के लिए इसे बचाने की तरफ आगे बढ़ें."
जाकिर नाइक ने इस दौरान एक हदीस का भी जिक्र किया, जिसमें कहा गया है, “अगर लोग कोई बुराई देखते हैं लेकिन उसे नहीं बदलते, तो जल्द ही अल्लाह उन सभी पर अपनी सजा भेजेगा”
जाकिर नाइक ने अपने पोस्ट में आगे कहा, "यह भारत के मुसलमानों के लिए एक जरूरी अर्जेंट कॉल है कि वे इस बुराई को रोकें, जो वक्फ की पाकीजगी के खिलाफ है और इस्लामी संस्थाओं के भविष्य पर बुरा असर डालती है. अगर हम इस विधेयक को पारित होने देंगे, तो हम अल्लाह के अजाब और आने वाली पीढ़ियों की बद्दुआ झेलेंगे. बुराई को रोकें या इस जिंदगी और परलोक में इसके दायित्व को भुगतें, वक्फ संशोधन विधेयक को अस्वीकार करें!"
उन्होंने आगे लिखा कि भारत के करीब 50 लाख मुसलमानों को वक्फ संशोधन विधेयक को नकारना चाहिए. भारत के मुसलमानों के रूप में, अगर हम मुस्लिम वक्फ संपत्तियों को उम्माह से छीने जाने से नहीं रोक पाते हैं, तो हमें इसके लिए जवाबदेह ठहराया जाएगा.

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