
नांदेड़ में 3 हजार लोगों को हुई Food Poisoning, धार्मिक कार्यक्रम में बंटा था प्रसाद
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महाराष्ट्र के नांदेड़ जिले में कोष्टेवाड़ी गांव में हजारों लोगों को एक धार्मिक कार्यक्रम में साबूदाना और भग्गर दिया गया था. इस प्रसाद को खाने के बाद लोगों को फूड प्वाइजनिंग हो गई. आनन-फानन में सभी को नांदेड़ के सरकारी अस्पताल, लोहा ग्रामीण अस्पताल सहित विभिन्न अस्पतालों में इलाज के लिए भर्ती कराया गया. जिला अस्पताल प्रशासन के अनुसार स्थिति नियंत्रण में है.
महाराष्ट्र के नांदेड़ जिले के लोहा तहसील के मालाकोली इलाके के कोष्टेवाडी गांव में मंगलवार की रात संत बालुमामा का धार्मिक कार्यक्रम हुआ था. इस दौरान भग्गर और साबूदाना का प्रसाद भक्तों के बीच वितरित किया गया था. मगर, इसकी वजह से करीब दो से तीन हजार लोगों को फूड प्वाइजनिंग हो गई.
इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए करीब पांच हजार से ज्यादा लोग कोष्टेवाडी सावरगांव, हरनवाड़ी, पेंडू, सादपुर और अन्य क्षेत्रों से आए थे. लगभग दो से तीन हजार लोगों को प्रसाद का भोजन भग्गर और साबूदाना खाने के कारण फूड प्वाइजनिंग हो गई. सभी श्रद्धालुओं ने चक्कर आने और उल्टी होने की शिकायत की.
आनन-फानन में सभी मरीजों को इलाज के लिए नांदेड़ के सरकारी अस्पताल, लोहा ग्रामीण अस्पताल सहित विभिन्न अस्पतालों में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है. जिला अस्पताल प्रशासन के अनुसार स्थिति नियंत्रण में है.
इलाज के दौरान सरकारी अस्पताल के अधीक्षक डॉ. श्याम वाकोड़े ने बताया कि मंगलवार की रात तीन बजे के बाद मरीजों की संख्या बढ़ी, तो सरकारी अस्पताल की इमरजेंसी घंटी बजा दी गई. रात में नर्सों के साथ मिलकर डॉक्टर भी मरीजों के इलाज में जुट गए.
उन्होंने बताया कि अभी तक किसी की मौत नहीं हुई है. मरीजों ने फीडबैक दिया है कि उनकी हालत स्थिर है. फिलहाल कोष्टवाड़ी गांव में डॉक्टरों की एक टीम पहुंची है. गांव के सभी लोगों की जांच की जा रही है. इसके अलावा जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग आदि के आधिकारी की टीम भी कोष्टिवाड़ी गांव में पहुंची. भक्तों दिए गए प्रसाद भोजन भग्गर और साबूदाना के नमूनों को जांच के लिए फॉरेंसिक लैब भेजा गया है.
इनपुट- कुंवरचंद

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