
देश में पिछले 24 घंटे में आए कोरोना के 3,26,098 नए मामले, दिल्ली में राहत, ये राज्य टॉप पर
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कोरोना वायरस की दूसरी लहर में पिछले कुछ दिनों से नए केसों की संख्या कम और बढ़ती नजर आ रही है. पिछले 24 घंटों में आए संक्रमण के नए मामले बीते दिन की अपेक्षा कम है, वहीं कोरोना संक्रमण की वजह से हुई मौतों की संख्या में भी मामूली कमी आई है.
देश में कोरोना संक्रमण के पिछले 24 घंटे में 326098 नए मामले सामने आए हैं, वहीं पिछले 24 घंटों में संक्रमण की वजह से 3890 लोगों ने अपनी जान गंवाई है. ये आंकड़ा बीते दिन से मामूली रूप से कम हुआ है. वहीं संक्रमण के मामलों में देश में कर्नाटक, महाराष्ट्र, केरल, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश टॉप फाइव में शामिल हैं. वहीं अकेले कर्नाटक की बात करें, तो कुल केसों में से नए केस 12.81% यहां से हैं. कर्नाटक में सर्वाधिक नए मामले कर्नाटक में पिछले 24 घंटे में सर्वाधिक 41 हजार 779 नए मामले सामने आए हैं, वहीं महाराष्ट्र में 39923 कोरोना संक्रमण के नए मामले देखने को मिले. केरल में नए केसों की संख्या 34 हजार 694, तमिलनाडु में 31 हजार 892 और आंध्र प्रदेश में पिछले 24 घंटे में 22 हजार 18 नए मामले सामने आए हैं. इन पांच राज्यों की बात करें, तो 52.22% नए केस यहां से आ रहे हैं. वहीं अकेले कर्नाटक से 12.81% कोरोना संक्रमण के नए मामले आए हैं.
ट्रंप की ईरान को दी गई उस धमकी के बारे में बताएंगे जिसमें उन्होंने कहा कि कि ईरान दुनिया के नक्शे से मिट जाएगा. उनका ये बयान उस संदर्भ में आया है जिसमें दावा किया जा रहा है कि ईरान ट्रंप की हत्या कर सकता है. इस पर ट्रंप ने कहा अगर उन्हें कुछ भी हुआ तो अमेरिका की सेनाएं ईरान को धरती के नक्शे से मिटा देंगी. आज इस बात का विश्लेषण करेंगे कि क्या वाकई ईरान ट्रंप की हत्या की साजिश रच रहा है?

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नोएडा केवल उत्तर प्रदेश का शो विंडो नहीं है, बल्कि प्रति व्यक्ति आय, प्रति व्यक्ति कंज्यूमर शॉपिंग, प्रति व्यक्ति इनकम टैक्स, प्रति व्यक्ति जीएसटी वसूली आदि में यह शहर देश के चुनिंदा टॉप शहरों में से एक है. पर एक शहरी की जिंदगी की सुरक्षा की गारंटी नहीं देता है. बल्कि जब उसकी जान जा रही हो तो सड़क के किनारे मूकदर्शक बना देखता रहता है.

उत्तर प्रदेश की सरकार और ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के बीच चल रहे विवाद में नई उर्जा आई है. स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने खुली चुनौती के साथ योगी आदित्यनाथ को उनके शंकराचार्य होने पर सवाल उठाए हैं. इस मुद्दे ने राजनीति में तेजी से हलचल मचा दी है जहां विपक्ष शंकराचार्य के समर्थन में खड़ा है जबकि भाजपा चुप्पी साधे हुए है. दूसरी ओर, शंकराचार्य के विरोधी भी सक्रिय हुए हैं और वे दावा कर रहे हैं कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ही सच्चे स्वयंभू शंकराचार्य हैं.

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