
दिल्ली ब्लास्ट को सरकार ने माना आतंकी घटना, मारे गए लोगों को कैबिनेट मीटिंग में दी गई श्रद्धांजलि
AajTak
केंद्र सरकार ने दिल्ली कार ब्लास्ट को आतंकी हमला माना है. केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में लाल किले के पास हुए टेरर अटैक पर प्रस्ताव भी पारित किया गया.
दिल्ली में लाल किले के पास सोमवार को हुए ब्लास्ट को केंद्र सरकार ने आतंकी घटना माना है. सरकार का कहना है कि यह घटना जघन्य अपराध है. इसके साथ ही कैबिनेट ने तेज जांच के निर्देश दिए.
इस संबंध में आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई, जिसमें केंद्र सरकार ने लाल किले के पास कार विस्फोट को आतंकी घटना बताया और इस पर शोक जताया. मंत्रिमंडल ने इस हमले में मारे गए निर्दोष लोगों की याद में दो मिनट का मौन भी रखा.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में मंत्रिमंडल ने हमले में मृतकों के प्रति गहरा शोक जताते हुए एक प्रस्ताव पारित किया और पीड़ितों को श्रद्धांजलि दी. कैबिनेट ने तीव्र जांच के निर्देश देते हुए कहा कि दोषियों की जल्द पहचान की जाएगी. बिना देरी किए दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने प्रस्ताव पढ़ते हुए कहा कि 10 नवंबर को लाल किले के पास देशविरोधी ताकतों ने कार विस्फोट कर जघन्य आतंकी घटना को अंजाम दिया. कैबिनेट इस हमले में मारे गए परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करता है और घायलों के जल्द ठीक होने की कामना करते हैं. इस प्रस्ताव में मेडिकल कर्मियों की भी सराहना की गई, जिन्होंने पीड़ितोंको तुरंत सहायता प्रदान की.

अमेरिका ने ब्रिटेन, फ्रांस,इजरायल और चार अरब देशों के साथ मिलकर ईरान पर हमले की गुप्त टारगेट लिस्ट तैयार की है. मेन टारगेट न्यूक्लियर साइट्स (फोर्डो, नंटाज, इस्फाहान), IRGC कमांडर्स, बैलिस्टिक मिसाइल फैक्ट्रीज और स्ट्रैटेजिक बेस हैं. ट्रंप ने प्रदर्शनों और न्यूक्लियर प्रोग्राम को लेकर धमकी दी है, लेकिन अभी हमला नहीं हुआ. अरब देश युद्ध से डर रहे हैं.

सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी द्वारा लागू किए गए नए नियमों पर रोक लगा दी है. छात्रों ने इस फैसले का स्वागत किया है और कहा कि यूजीसी का यह कानून छात्रों में भेदभाव उत्पन्न करता है. छात्रों का कहना है कि वे नियमों में बदलाव नहीं बल्कि पुराने नियमों को वापस चाहते हैं. यदि नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया तो वे भविष्य में भी प्रदर्शन जारी रखेंगे.

जोधपुर में साध्वी प्रेम बाईसा की संदिग्ध मौत के बाद उनके पैतृक गांव में समाधि दी जाएगी. जुकाम के इलाज में लगाए गए इंजेक्शन के महज 30 सेकंड बाद तबीयत बिगड़ने से मौत का दावा किया जा रहा है. घटना से संत समाज में गहरी नाराजगी है. संतों ने निष्पक्ष जांच, दोषियों पर सख्त कार्रवाई और सोशल मीडिया पर अनर्गल लिखने वालों पर कार्रवाई की मांग की है.

दिल्ली के जल मंत्री प्रवेश साहिब सिंह वर्मा ने सार्वजनिक शिकायतों के निपटारे में लापरवाही के आरोपों पर राजेंद्र नगर, कन्हैया नगर और अशोक विहार के जोनल रेवेन्यू अधिकारियों और कन्हैया नगर के एक असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर को सस्पेंड कर दिया. अचानक निरीक्षण में प्रशासनिक खामियां मिलने के बाद उन्होंने विभागीय कार्रवाई और प्रभावित जोनों में तत्काल नए अधिकारियों की तैनाती के आदेश दिए हैं.

देश के शिक्षण संस्थानों में दलित और आदिवासी छात्रों और शिक्षकों के साथ होने वाले भेदभाव को खत्म करने के लिए विश्विद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने नए नियम लागू किए थे, जिसे लेकर विरोध इतना बढ़ गया कि मामला अदालत तक पहुंच गया. सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल रोक लगा दी है, जिसे लेकर राजनीतिक दलों के नजरिए अलग-अलग दिखे.

दक्षिण मुंबई के फोर्ट इलाके में पुलिसकर्मी बनकर एक केन्याई महिला से 66 लाख रुपये की ठगी करने के मामले में पुलिस ने ठाणे से 48 वर्षीय सुरेश रंगनाथ चव्हाण को गिरफ्तार किया है. उसका एक साथी अभी फरार है. 21 जनवरी को एम. जी. रोड पर आरोपी ने अपने साथी के साथ महिला की टैक्सी रोककर जांच के बहाने 66.45 लाख रुपये से भरे बैग जब्त किए और पुलिस स्टेशन चलने का कहकर फरार हो गया.







