
डिजिटल अरेस्ट वाले कैमरे में कैद... पुलिस की वर्दी में धमकाने वाले का चेहरा आया सामने, Video में देखिए कैसे बनाते हैं शिकार
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डिजिटल अरेस्ट (Digital Arrest) के नाम पर ठगी करने वाले कैमरे में कैद हुए हैं. ये ठग आम जनता को धमकाते हैं और उनकी मेहनत की कमाई को हड़प लेते हैं. दरअसल, मोहित यादव के पास भी इस ठग का कॉल आया था. ये पूरी कहानी कैमरे में कैद हो गई है. ये ठग पुलिस की वर्दी में डराने और धमकाने की कोशिश करते हैं. इसमें डिजिटल तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है.
डिजिटल अरेस्ट (Digital Arrest) कर लोगों के साथ ठगी करने वाले कैमरे में कैद हुए हैं. पुलिस की वर्दी में लोगों को वीडियो कॉल पर धमकाने वाले का चेहरा सामने आ गया है. ये आरोपी कोर्ट वारंट और प्रवर्तन निदेशालय के नाम पर धमकी देते थे. दरअसल, डिजिटल अरेस्ट का सारा खेल एक रिकार्डेड मोबाइल फोन से शुरू होता है.
साइबर मामलों के जानकार मोहित यादव के पास भी एक ठग की कॉल आई. उसमें कहा गया कि आपका आधार और आपके मोबाइल नंबर का गलत इस्तेमाल हुआ है. आपका नंबर बंद होने वाला है. फिर एक नंबर दिया गया, उस पर बात करने को कहा गया.
इसके बाद ऑडियो में ऐसा लग रहा है कि किसी कॉल सेंटर में बात हो रही हो. सामने वाला कहता है कि आपकी आईडी से दूसरा नंबर लिया गया है, जिसकी 17 शिकायत हुई हैं और एक एफआईआर दर्ज है. अपनी बात पर यकीन दिलाने के लिए उसने कहा कि आज आपका नंबर बंद हो जाएगा, सच में बंद हो जाएगा.
यहां देखें Video
इसके बाद उसने वीडियो कॉल किया तो सामने एक पुलिस वाला बैठा था. उसे देखकर ऐसा लग रहा था कि वो मानो थाने में बैठा हो. पीछे पुलिस का बड़ा सा लोगो लगा था.
आमतौर पर ऐसे ही लोगो थानों में लगे रहते हैं. वो पुलिस वाला खुद को लोकमान्य तिलक थाने से बता रहा था. उसने मोहित से कहा कि अगर तुम्हें शक है कि मैं थाने से नहीं बात कर रहा हूं तो गूगल पर जाओ और लोकमान्य तिलक लैंडलाइन कांटेक्ट नंबर टाइप करो और जो नंबर आए, उसे डायल कर लो.

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