
किसी ने लाइब्रेरी में तो किसी ने बाथरूम में छुपकर बचाई जान... JNU में रविवार रात क्या-क्या हुआ?
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JNU Violence: जेएनयू में रविवार को एक बार फिर हिंसा हुई, जिसमें कई लोग घायल हो गए. जानते हैं कि रविवार की रात को कैंपस में क्या क्या हुआ और क्यों किस बात पर ये बवाल हुआ...
जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय एक बार फिर हिंसा को लेकर चर्चा में है. इस बार लेफ्ट और एबीवीपी कार्यकर्ताओं के बीच झड़प देखने को मिली, जिसमें कई छात्र घायल हो गए हैं. छात्रों का कहना है कि उन्होंने बाथरूम, लाइब्रेरी में छुपकर अपनी जान बचाई. एबीवीपी और लेफ्ट समर्थक एक दूसरे पर मारपीट का आरोप लगा रहे हैं. कुछ स्टूडेंट्स का तो कहना है कि उन्हें अधमरा करके छोड़ दिया गया था और पुलिस ने उनकी जान बचाई. ऐसे में जानते हैं कि आखिर रविवार रात को जेएनयू में क्या क्या हुआ और बवाल किस बात को लेकर शुरू हुआ...
दरअसल, जेएनयू में कुछ दिनों से प्रदर्शन का दौर जारी है. एक प्रदर्शन छात्रसंघ अध्यक्ष समेत कई स्टूडेंट्स को सेमेस्टर से बाहर करने के विरोध में हो रहा है. इसके बाद एक प्रदर्शन वाइस चांसलर शांति श्री धुलीपुडी पंडित के बयान के बाद हो रहा है, जिसमें उन्होंने दलिल विक्टिम कार्ड की बात कही थी. इसके बाद से छात्र उनके इस्तीफे की मांग कर रहे हैं. रविवार रात को भी कुलपति को लेकर ही प्रदर्शन हो रहा था और जिसके बाद झड़प हुई, जिसमें कई स्टूडेंट्स घायल हो गए.
रविवार रात को क्या-क्या हुआ?
रविवार रात को कॉलेज कैंपस में मौजूद जर्मन स्टडीज के एक छात्र ने बताया कि बवाल 12 बजे के करीब हुआ था. कुलगुरु के विरोध में जेएनयू छात्रसंघ प्रदर्शन कर रहा था और उन्होंने वीसी घेराव करने का ऐलान किया था. रात में वीसी घेराव के बाद कुछ छात्रों ने सेंटर के ताला लगाने की कोशिश की. इस वक्त एबीवीपी के कुछ छात्रों ने उन्हें ऐसा करने से रोका. इसके बाद विवाद शुरू हो गया और ताला लगाने की बात पर बवाल बढ़ गया. फिर माहौल खराब हो गया और बात मारपीट तक आ गई. इसके बाद पथराव होने लगा.
स्टूडेंट ने बताया, 'उस वक्त मैं लाइब्रेरी में था. अब बाहर आवाज आने लगी तो मैंने देखा कि माहौल काफी खराब था.' अब एबीवीपी और लेफ्ट के छात्र एक दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं कि उन्हें पीटा गया है और उन्होंने बड़ी मुश्किल से खुद की जान बचाई.
एबीवीपी का क्या कहना है?

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