
कांग्रेस चाहती है बसपा का साथ, सपा बन रही अनजान... क्या यूपी में बदल रहे हैं इंडिया गठबंधन के समीकरण?
AajTak
कांग्रेस चाहती है कि बसपा भी इंडिया गठबंधन में शामिल हो जाए. वहीं, सपा इससे अनजान बन रही है. सपा का कहना है कि यह बस मीडिया के जरिए ही सुनने को मिल रहा है. क्या 80 लोकसभा सीटों वाले यूपी में इंडिया गठबंधन का समीकरण बदल रहा है?
कांग्रेस उत्तर प्रदेश में मायावती के नेतृत्व वाली बहुजन समाज पार्टी का भी साथ चाहती है. कांग्रेस के नेता इंडिया गठबंधन की कवायद की शुरुआत से ही यह कहते रहे हैं कि मायावती की पार्टी के लिए हमारे दरवाजे अंतिम समय तक खुले हुए हैं. अब कांग्रेस के यूपी प्रभारी अविनाश पांडेय ने कहा है कि हम सबको साथ लेकर चलना चाहते हैं, चाहे वह सपा हो, बसपा हो या कोई और दल.
उन्होंने कहा कि बीजेपी के खिलाफ सभी दल मिलकर लड़ें. अविनाश पांडेय ने अखिलेश यादव को परिपक्व नेता बताया और कहा कि वह उत्तर प्रदेश का नेतृत्व कर चुके हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि उन्हें भी अपनी जिम्मेदारी का एहसास है कि अगर बीजेपी को हराना है तो सभी दलों को साथ आना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि अगर बसपा चाहती है कि बीजेपी को हराया जाए तो उसे भी फैसला लेना होगा.
एक तरफ कांग्रेस जहां बसपा से गठबंधन को लेकर खुलकर बैटिंग कर रही है. वहीं, सपा इस पूरी कवायद से अपनी अनभिज्ञता जाहिर कर रही है. सपा महासचिव और कांग्रेस के साथ सीट शेयरिंग को लेकर बातचीत कर रहे रामगोपाल यादव ने इसे लेकर कहा है कि यह तो मीडिया बोलती है. उन्होंने कहा कि मैंने तो किसी से बसपा के बारे में सुना ही नहीं.
ये भी पढ़ें- यूपी में सपा को कंट्रोल में रखने के लिए 'मायावती कार्ड'? इस तरह बैलेंस गेम खेल रही कांग्रेस
कांग्रेस कह रही है कि यूपी में बसपा भी साथ आए. हाथी के नाम पर समाजवादी पार्टी अनजान बन रही है. सपा और बसपा के नेताओं में जुबानी जंग छिड़ी हुई है. वहीं, मायावती ने गेस्टहाउस कांड का जिक्र करते हुए सपा से खतरा बताते हुए यूपी सरकार से सुरक्षा मांगी है. मायावती ने कहा कि सपा के तत्व अराजकता फैला सकते हैं. बीजेपी ने भी इसे लेकर सपा पर हमला बोल दिया है. यूपी की सत्ताधारी पार्टी ने सपा को गुंडा और समाप्तवादी पार्टी बताया है.
ये भी पढ़ें- 'मायावती को साथ लाने की जिम्मेदारी सिर्फ कांग्रेस की नहीं अखिलेश की भी', BSP से गठबंधन पर कांग्रेस नेता की खरी-खरी

हरियाणा पुलिस ने डिजिटल अपराधियों और रंगदारी मांगने वालों के खिलाफ 'अभेद्य' मोबाइल ऐप लॉन्च कर एक अभूतपूर्व कदम उठाया है. मुख्यमंत्री की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत विकसित ये ऐप संदिग्ध और विदेशी कॉल्स को यूजर तक पहुंचने से पहले ही ब्लॉक कर देगा, जिससे व्यापारियों और आम जनता को मानसिक दबाव से मुक्ति मिलेगी.

मिडिल ईस्ट की जंग अब बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गई है. एक तरफ डोनाल्ड ट्रंप ने युद्ध खत्म करने के लिए 'एग्जिट प्लान' की बात की है, तो दूसरी तरफ इजरायल ने ईरान पर हमले और तेज करने की चेतावनी दी है. शनिवार को ईरान के नतांज परमाणु संयंत्र पर बड़ा हमला हुआ, जिसके बाद ईरान ने अपने दुश्मनों को चेतावनी देते हुए दुनिया भर के पर्यटन स्थलों को निशाना बनाने की धमकी दी है.

नागर विमानन मंत्रालय ने घरेलू हवाई किरायों पर लगाई गई अस्थायी सीमा (Fare Caps) को वापस लेने का फैसला किया है. पिछले साल इंडिगो (IndiGo) एयरलाइंस के संकट के बाद टिकटों की आसमान छूती कीमतों को नियंत्रित करने के लिए सरकार ने यह पाबंदी लगाई थी. हालांकि एयरलाइंस कंपनियों को स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि वे जिम्मेदारी से किराए तय करें और यात्रियों के हितों का ध्यान रखें।

हिमाचल प्रदेश में आर्थिक दबाव के चलते मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अपने समेत मंत्रियों, विधायकों और वरिष्ठ अधिकारियों की सैलरी का एक हिस्सा 6 महीने के लिए टालने का फैसला किया है. हालांकि, ग्रुप-सी और ग्रुप-डी कर्मचारियों को पूरी सैलरी मिलेगी. वहीं सरकार ने मेडिकल स्टाफ, आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं सहित कई वर्गों के मानदेय में बढ़ोतरी की है. विधायक योजनाओं की सीमा भी बढ़ाई गई है. सरकार का कहना है कि हालात सुधरने पर रोकी गई राशि वापस दी जाएगी.

झारखंड के लातेहार में दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि चार गंभीर रूप से घायल हो गए. हादसा बरवाटोली गांव के पास हुआ. घायलों को बालूमाथ अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां दो की हालत नाजुक होने पर रिम्स रेफर किया गया. पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजकर जांच शुरू कर दी है.








