
इजरायल और ईरान दोनों कर रहे जीतने का दावा, जानें- 12 दिन की जंग में किसको हुआ कितना नुकसान
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इजरायल, ईरान के बीच 12 दिन चले युद्ध के बाद भले ही सीजफायर का ऐलान हुआ हो, लेकिन सभी पक्ष खुद को विजेता बता रहे हैं. सवाल उठता है कि अगर सभी जीत गए तो हारा कौन? इस युद्ध ने दिखा दिया कि मध्य पूर्व में शांति अस्थायी है और तनाव कभी भी दोबारा भड़क सकता है.
बहुत पहले से कहा जाता है कि युद्ध शुरु करना आसान है, रोकना या खत्म करना कठिन. इजरायल-अमेरिका और ईरान के बीच 12 दिन के युद्ध के बाद सीजफायर का ऐलान भी फायर भरा हुआ है. जहां सबने अपनी अपनी जीत का दावा कर दिया - तो सवाल है कि सब जीत गए तो हारा कौन? क्योंकि इजरायल कहता है कि उसने ईरान में अपना मकसद हासिल कर लिया है, ईरान का परमाणु कार्यक्रम खत्म कर दिया.
इसी तरह ईरान भी दावा करता है कि उसने इजरायल और अमेरिका दोनों के सामने बिना झुके 12 दिन में युद्ध जीत लिया. ईरान तो कहता है कि इसने इजरायल को झुका दिया. वही ट्रंप हैं जो सीजफायर का मेडल खुद ही अपने गले में डालकर जीत का क्रेडिट खुद ले लेते हैं. इस दावे के साथ कि ईरान अब कभी न्यूक्लियर साइट दोबारा नहीं बना पाएगा, तो फिर खबरदार करता सवाल अगर इस जंग में सभी देश जीत गए तो हारा कौन?
इजराइल-ईरान जंग के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने मंगलवार सुबह सीजफायर का ऐलान किया. हालांकि यह कुछ घंटों में ही टूट गया. 12 दिन चली इस जंग में कौन जीता और कौन हारा. इसका फैसला तीनों देश अपने अपने हिसाब से कर रहे हैं. इजरायल कह रहा है कि उसके सारे मकसद पूरे हो गए. वहीं ईरान इजरायल के साथ 12 दिनों तक चले युद्ध में अपनी सेना की कार्रवाई की प्रशंसा कर रहा है. सवाल ये है कि अगर इस जंग में सभी देश जीत गए तो हारा कौन?
इजरायल और ईरान के बीच सीजफायर के बावजूद दोनों देश एक दूसरे हमलावर हैं, लेकिन सवाल इस जंग के नतीजे को लेकर है. सवाल ये कि 3 किरदार 12 दिन की वॉर में कौन विजेता-किसकी हार? 12 दिन चली इस लड़ाई में पहली बार इजरायल और ईरान के बीच सीधी टक्कर हुई, जिसके आखिर में अमेरिका ने इजरायल के पक्ष में उतर कर ईरान के परमाणु ठिकानों को तबाह कर दिया.
सीजफायर के बाद अब तीनों ही देश जीत के दावे कर रहे हैं. इजरायल जहां ईरान को परमाणु बम बनाने से रोक कर खुश है. ईरान का दावा है कि इजरायल के साथ अमेरिका के उतरने के बावजूद न उसके परमाणु कार्यक्रम को नुकसान पहुंचा न ही खामेनेई सत्ता से हटे. वहीं डोनाल्ड ट्रंप एक और युद्ध रुकवाने का श्रेय लूटकर झूम रहे हैं, जबकि दोनों पक्षों को ही नहीं लगता कि ये सीजफायर ज्यादा दिन चलेगा.
कतर में जिस वक्त ईरान की मिसाइलें अमेरिकी सैन्य अड्डों पर बरस रही थीं तब तेहरान की सड़कों पर लोग नाच रहे थे इस बात से खुश दिखे कि उन्होंने एक ही लड़ाई में इजरायल और अमेरिका दोनों को निपटा दिया. इस मौके पर लोग गाड़ी लेकर तेहरान की सड़कों पर देश का झंडा फहराते हुए निकल पड़े. ईरान के सरकारी टीवी चैनलों पर भी बताया गया कि इजरायल को किस तरह से सबक सिखाया गया, तो ईरान के सरकारी टीवी चैनलों पर बताया जा रहा है कि किस तरह से ईरान की सेना ने इजरायल को झुका दिया. अमेरिका भी कुछ नहीं कर सका.

महायुद्ध के 19 दिन हो चुके हैं. मैं इस वक्त इजरायल के तेल अवीव में हूं. आज की रात महायुद्ध में बहुत गंभीर हो सकती है. क्योंकि महायुद्ध अब बेकाबू होने के मोड़ पर पहुंच सकता है. हमारा मकसद डराना नहीं है. ध्यान से इस बात को कहने की वजह समझिएगा. अमेरिका-इजरायल बनाम ईरान की जंग में एक दूसरे पर ताबड़तोड़ वार-पलटवार हो रहे हैं. ताजा खबर ये है कि इजरायल ने ईरान की सबसे बड़े गैस ठिकाने पर हमला किया है. इजरायल ने ये हमला अमेरिका की मदद से किया है. जो दक्षिण पश्चिम ईरान में है.

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