
Som Pradosh Vrat 2022: दिसंबर माह का पहला प्रदोष व्रत कब है? यहां जानें सही डेट और पूजन विधि
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Som Pradosh Vrat 2022: प्रदोष व्रत में भगवान शिव की पूजा की जाती है. ऐसी मान्यता है कि जो कोई भी व्यक्ति सच्चे दिल से प्रदोष व्रत करता है, भगवान शिव उस व्यक्ति की सभी मनोकामना को पूरा करते हैं. साथ ही उसके दुखों और पापों को हर लेते हैं. आइए जानते हैं कि सोम प्रदोष व्रत की पूजन विधि और शुभ मुहूर्त.
Som Pradosh Vrat 2022: प्रदोष व्रत को त्रयोदशी व्रत भी कहा जाता है. पंचांग के अनुसार ये व्रत एक माह में दो बार आता है. इस बार सोम प्रदोष व्रत मार्गशीर्ष माह के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी को रखा जाएगा. इस बार सोम प्रदोष व्रत 05 दिसंंबर 2022 को किया जाएगा. मान्यताओं के अनुसार ये व्रत अच्छी सेहत के लिए रखा जाता है. सोमवार के दिन प्रदोष व्रत रखने से व्यक्ति की हर मनोकामना पूरी होती है. इसलिए इसे सोम प्रदोषम या चंद्र प्रदोषम के नाम से भी जाना जाता है.
सोम प्रदोष व्रत का महत्व (Som Pradosh vrat 2022 importance)
हिंदू धर्म में प्रदोष व्रत को सभी विशेष व्रतों में एक बताया गया है. माना जाता है कि जो भी व्यक्ति इस दिन सच्ची श्रद्धा भाव से उपवास रखता है. भगवान शिव और माता पार्वती की आराधना करता है, उसे समस्त बाधाओं और कष्टों से मुक्ति मिलती है और उन्हें मृत्यु के पश्चात मोक्ष की भी प्राप्ति होती है.
सोम प्रदोष व्रत शुभ मुहूर्त (Som Pradosh vrat 2022 Shubh Muhurat)
हिंदू पंचांग के अनुसार, इस बार सोम प्रदोष व्रत मार्गशीर्ष माह के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी को रखा जाएगा. सोम प्रदोष व्रत का शुभ मुहूर्त 05 दिसंबर 2022 को सुबह 05 बजकर 57 मिनट पर शुरू होगा और इसका समापन 06 दिसंबर 2022 को 06 बजकर 47 मिनट पर होगा.
सोम प्रदोष व्रत पूजन विधि (Som Pradosh vrat 2022 Pujan Vidhi)

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