
NIA ने लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े 3 लोगों के खिलाफ दायर की चार्जशीट, पाक नागरिक का नाम भी है शामिल
AajTak
NIA ने प्रतिबंधित संगठन लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े तीन और लोगों के खिलाफ मंगलवार को चार्जशीट दाखिल की है. इन लोगों ने स्टिकी बम आईईडी और छोटे हथियारों से भारत सरकार के खिलाफ युद्ध छेड़ने की साजिश का आरोप लगाया है. एनआईए की इस चार्जशीट में एक पाकिस्तानी नागरिक का नाम भी शामिल है.
जम्मू-कश्मीर में सक्रिय पाकिस्तान समर्थित आतंकवादी संगठनों पर अपना शिकंजा कसते हुए राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने मंगलवार को प्रतिबंधित लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े तीन और लोगों के खिलाफ चार्जशीट दायर की है. जांच एजेंसी ने तीनों के पर स्टिकी बम, आईईडी और छोटे हथियारों से हिंसक आतंकवादी हमले की साजिश रचने का आरोप लगाया है एनआईए की चार्जशीट में शामिल आरोपियों में पाकिस्तानी नागरिक हबीबुल्लाह मलिक, साजिद जट्ट, सैफुल्लाह, नूमी, नुमान, लंगडा, अली साजिद, उस्मान हबीब और शनि शामिल है जो पाकिस्तान के पंजाब प्रान्त कसूर जिले के रहने वाला है. वह जम्मू-कश्मीर के पुंछ और राजौरी जिले में कई आतंकवादी हमलों में शामिल रहे हैं.
सप्लीमेंट्री चार्जशीट भी की दाखिल वहीं, कश्मीर के शोपियां में रहने वाले हिलाल याकूब देवा, सेठी सोआव और मुसियाब फैयाज बाबा, शोएब, जरार के साथ हबीबुल्ला का नाम आईपीसी और यूए (ए) एक्ट के तहत एनआईए विशेष अदालत में सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल की है.
जांच में हुए कई खुलासे: NIA
अब तक की जांच से पता चला है कि तीनों आरोपी भारत सरकार के खिलाफ युद्ध छेड़ने के इरादे से केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बलों और अन्य लोगों पर आतंकवादी हमले करने की आपराधिक साजिश रची थी. हबीबुल्लाह मलिक पाकिस्तान स्थित द रेसिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) का एक सक्रिय कमांडर था, जो प्रतिबंधित लश्कर-ए-तैयबा के आतंकवादी संगठन की एक शाखा थी. वह जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए कमजोर कश्मीरी युवाओं को टीआरएफ/एलईटी में शामिल होने के लिए प्रेरित करता था. एनआईए की जांच के अनुसार, हबीबुल्लाह ने अन्य दो आरोपियों, हिलाल और मुसिआब को कट्टरपंथी बना दिया था. दोनों ने उसके लिए ओवर ग्राउंड वर्कर (ओजीडब्ल्यू) के रूप में काम करना शुरू कर दिया था और हबीबुल्लाह के निर्देश पर दोनों ओडब्ल्यूजी ने जम्मू-कश्मीर में आतंकी हमलों को सुविधाजनक बनाने के लिए रुपये और हथियार इकट्ठे कर पहुंचाए थे.
NIA ने तेज किया ऑपरेशन विभिन्न प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों द्वारा जम्मू-कश्मीर में अपनी आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए नए संगठन तैयार करने के साथ एनआईए ने हाल के महीनों में इस क्षेत्र में अपनी कार्रवाई और जांच तेज कर दी है. एनआईए की जांच के दायरे में द रेजिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ), यूनाइटेड लिबरेशन फ्रंट जम्मू एंड कश्मीर (यूएलएफजेएंडके), मुजाहिदीन गजवत-उल-हिंद (एमजीएच), जम्मू एंड कश्मीर फ्रीडम फाइटर्स (जेकेएफएफ), कश्मीर टाइगर्स, पीएएएफ और अन्य जैसे संगठन हैं. ये संगठन लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी), जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम), हिज्ब-उल-मुजाहिदीन (एचएम), अल-बद्र, अल-कायदा आदि से ताल्कु रखते हैं.

हरियाणा पुलिस ने डिजिटल अपराधियों और रंगदारी मांगने वालों के खिलाफ 'अभेद्य' मोबाइल ऐप लॉन्च कर एक अभूतपूर्व कदम उठाया है. मुख्यमंत्री की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत विकसित ये ऐप संदिग्ध और विदेशी कॉल्स को यूजर तक पहुंचने से पहले ही ब्लॉक कर देगा, जिससे व्यापारियों और आम जनता को मानसिक दबाव से मुक्ति मिलेगी.

मिडिल ईस्ट की जंग अब बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गई है. एक तरफ डोनाल्ड ट्रंप ने युद्ध खत्म करने के लिए 'एग्जिट प्लान' की बात की है, तो दूसरी तरफ इजरायल ने ईरान पर हमले और तेज करने की चेतावनी दी है. शनिवार को ईरान के नतांज परमाणु संयंत्र पर बड़ा हमला हुआ, जिसके बाद ईरान ने अपने दुश्मनों को चेतावनी देते हुए दुनिया भर के पर्यटन स्थलों को निशाना बनाने की धमकी दी है.

नागर विमानन मंत्रालय ने घरेलू हवाई किरायों पर लगाई गई अस्थायी सीमा (Fare Caps) को वापस लेने का फैसला किया है. पिछले साल इंडिगो (IndiGo) एयरलाइंस के संकट के बाद टिकटों की आसमान छूती कीमतों को नियंत्रित करने के लिए सरकार ने यह पाबंदी लगाई थी. हालांकि एयरलाइंस कंपनियों को स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि वे जिम्मेदारी से किराए तय करें और यात्रियों के हितों का ध्यान रखें।

हिमाचल प्रदेश में आर्थिक दबाव के चलते मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अपने समेत मंत्रियों, विधायकों और वरिष्ठ अधिकारियों की सैलरी का एक हिस्सा 6 महीने के लिए टालने का फैसला किया है. हालांकि, ग्रुप-सी और ग्रुप-डी कर्मचारियों को पूरी सैलरी मिलेगी. वहीं सरकार ने मेडिकल स्टाफ, आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं सहित कई वर्गों के मानदेय में बढ़ोतरी की है. विधायक योजनाओं की सीमा भी बढ़ाई गई है. सरकार का कहना है कि हालात सुधरने पर रोकी गई राशि वापस दी जाएगी.

झारखंड के लातेहार में दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि चार गंभीर रूप से घायल हो गए. हादसा बरवाटोली गांव के पास हुआ. घायलों को बालूमाथ अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां दो की हालत नाजुक होने पर रिम्स रेफर किया गया. पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजकर जांच शुरू कर दी है.








