
MP में सपा खुद कन्फ्यूज? अखिलेश ने धड़ाधड़ उतारे कैंडिडेट, डिंपल दे गईं चुनाव बाद कांग्रेस के समर्थन का संकेत
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मध्य प्रदेश चुनाव में सीट बंटवारे को लेकर सपा और कांग्रेस के नेताओं की बयानी जंग के बीच अब डिंपल यादव ने अलग ही संकेत दिए हैं. एक तरफ जहां अखिलेश यादव ने धड़ाधड़ कैंडिडेट उतारे, वहीं अब डिंपल के बयान के बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या एमपी में सपा खुद कनफ्यूज है?
मध्य प्रदेश के चुनावी रण में इंडिया गठबंधन के तीन घटक दल एक-दूसरे के खिलाफ ताल ठोक रहे हैं. दिल्ली के मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल से लेकर समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव तक कांग्रेस पर हमलावर हैं. कांग्रेस और सपा नेताओं के बीच बढ़ती तल्खी के बीच अब मैनपुरी से सांसद डिंपल यादव का बयान आया है.
डिंपल यादव ने कहा है कि इंडिया गठबंधन में कोई दरार नहीं है. उन्होंने मध्य प्रदेश चुनाव में अपनी पार्टी की भूमिका को लेकर कहा है कि जरूरत पड़ने पर गठबंधन में समाजवादी पार्टी ही ईमानदारी से सबका साथ देती है. ऐसे समय में जब दोनों दलों के नेताओं की जुबानी जंग के कारण इंडिया गठबंधन के भविष्य पर सवाल खड़े हो रहे हैं, डिंपल यादव के इस बयान के सियासी निहितार्थ तलाशे जाने लगे हैं.
डिंपल के बयान में क्या संदेश
डिंपल यादव ने एक तरफ सपा के सबका साथ देने की प्रवृत्ति बताई है, दूसरी तरफ 'ईमानदारी से' और 'जरूरत पड़ने पर' जैसे शब्दों का भी इस्तेमाल भी किया है.
वरिष्ठ पत्रकार डॉक्टर श्रीराम त्रिपाठी ने कहा कि डिंपल यादव का ये बयान कठोरता और उदारता, दोनों का मिश्रण है. डिंपल ने ये भी साफ किया है कि इंडिया गठबंधन में कोई क्रेक नहीं आया है. इसका गठबंधन पर कोई असर नहीं पड़ेगा. जरूरत पड़ी तो सपा, कांग्रेस का समर्थन करने के लिए तैयार है.
सपा की नरमी के पीछे क्या

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