
Delhi Rains: रडार इमेज में देखें दिल्ली के आसपास में कैसा है बादलों का घेरा, आसमानी आफत से राहत कब तक?
AajTak
Weather Update: दिल्ली-एनसीआर में पिछले दो दिनों से लगातार बारिश की गतिविधियां देखने को मिल रही हैं. शुक्रवार सुबह से भी दिल्ली और आसपास के इलाकों में बारिश हो रही है. मौसम विभाग की मानें तो दिल्ली में 48 घंटे ऐसा ही मौसम रहने वाला है. यहां पढ़िए बारिश से कैसा है दिल्ली-एनसीआर का हाल.
Delhi Rainfall, IMD Weather Update: पिछले दो दिनों से दिल्ली-एनसीआर में बारिश हो रही है. इसके चलते कई इलाकों में पानी भर गया है और ट्रैफिक जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई. राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और उससे सटे हुए नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम जैसे इलाकों में तेज बरसात के चलते लोगों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ा. बारिश को देखते हुए गुरुग्राम और फरीदाबाद में ऑफिस बंद रखने और वर्क फ्रॉम होम करने की एडवाइजरी जारी की गई तो नोएडा-गाजियाबाद समेत कई जगहों पर स्कूल-कॉलेज बंद रखने के आदेश जारी किए हैं. बारिश के बीच मौसम विभाग ने रडार इमेज भी जारी की.
मौसम विभाग ने आज मध्यम बारिश का पूर्वानुमान जताते हुए 'येलो अलर्ट' जारी किया है. मौसम विभाग की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, आज दक्षिण-दिल्ली, दक्षिण-पूर्वी दिल्ली, एनसीआर (हिंडन एएफ स्टेशन, गाजियाबाद, इंदिरापुरम, छपरौला, नोएडा, दादरी, ग्रेटर नोएडा, गुरुग्राम, फरीदाबाद, मानेसर) के कई स्थानों पर और आसपास के क्षेत्रों में हल्की तीव्रता की बारिश या बूंदा बांदी होगी. राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में अगले 48 घंटे तक बारिश की गतिविधियां जारी रह सकती है.
राष्ट्रीय राजधानी और आसपास के इलाकों में मॉनसून की वापसी से ठीक पहले हुई ताजा बारिश से बारिश की कमी को कुछ हद तक पूरा करने में मदद मिलेगी. बता दें, 22 सितंबर की सुबह तक 46 फीसदी बारिश दिल्ली-एनसीआर में दर्ज की गई है. बारिश के चलते हवा भी साफ रहेगी और तापमान भी नियंत्रित रहेगा.
मौसम विभाग ने जारी की रडार इमेज मौसम विभाग ने दिल्ली-एनसीआर के मौसम को लेकर रडार इमेज जारी की है. तस्वीर में देखा जा सकता है दिल्ली के आसमानों में बादलों का डेरा है. मौसम विभाग की ओर दी गई जानकारी के मुताबिक दिल्ली में हल्की से मध्यम और कभी-कभी तेज बारिश होती रहेगी. रडार की तस्वीर में उन इलाकों के बारे में बताया गया है, जहां-जहां बरसात हुई है. बता दें कि दिल्ली के प्राथमिक मौसम केंद्र सफदरजंग वेधशाला ने गुरुवार सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे के बीच 31.2 मिमी बारिश दर्ज की. लोधी रोड, रिज और आयानगर के मौसम केंद्रों में इस अवधि के दौरान 27.4 मिमी, 16.8 मिमी और 45.8 मिमी वर्षा हुई. दिल्ली विश्वविद्यालय क्षेत्र, जाफरपुर, नजफगढ़, पूसा और मयूर विहार में क्रमश: 16.5 मिमी, 18 मिमी, 29 मिमी, 24.5 मिमी और 25.5 मिमी बारिश दर्ज की गई. सफदरजंग वेधशाला ने सितंबर में अब तक (गुरुवार सुबह तक) सामान्य 108.5 मिमी के मुकाबले 58.5 मिमी बारिश दर्ज की है.
दिल्ली में बारिश से कब मिलेगी राहत? मौसम विभाग की मानें तो अगले दो से तीन दिनों तक मध्यम से तेज बरसात का दौर जारी रहेगा. इसके बाद धीरे-धीरे मौसम खुलेगा और बारिश की गतिविधियां कम होंगी. IMD के अनुसार, दिल्ली में 25 सितंबर तक मध्यम से तेज बारिश होगी. वहीं, 26 सितंबर को हल्की बारिश होगी. इसके बाद 27 सितंबर से बरसात का दौर खत्म हो सकता है. हालांकि, इसके कुछ दिनों तक आसमान में बादल जरूर छाए रहेंगे.
कैसा है दिल्ली और आसपास के इलाकों का हाल? दिल्ली-गुरुग्राम हाईवे पर वाटरलॉगिंग की वजह से कई गाड़ियां जहां-तहां फंस गईं. बारिश के बीच नोएडा-डीएनडी टॉल बॉर्डर चढ़ने वाले लूप मार्ग पर एक ट्रक खराब हो गया है, जिसकी वजह से ट्रैफिक धीमा हो गया है. दिल्ली में बारिश के कारण कई इलाकों में जलजमाव की स्थिति बन गई है. यातायात की स्थिति के बारे में यात्रियों का मार्गदर्शन करने के लिए दिल्ली यातायात पुलिस ने ट्विटर का सहारा लिया.

जंग के 26 दिन हो गए हैं. महायुद्ध अजीब मोड़ पर है. एक तरफ युद्ध विराम के काउंटडाउन की कयासबाजी है. तो दूसरी तरफ युद्ध की विभीषिका है. युद्ध का आगाज कर दुनिया को तबाही की आग में झोंकने वाला अमेरिका अब शांति की माला का जाप कर रहा है. लेकिन ये नहीं बता रहा है कि आखिर अमेरिका की ईरान में बातचीत किससे हो रही है.

आज जंग को 26 दिन बीत चुके हैं. ईरान हार मानने को तैयार नहीं है. ट्रंप अपनी जीत का ऐलान करते जा रहे हैं. अमेरिकी राष्ट्रपति अब ये दावा कर रहे हैं कि ईरान बातचीत को तैयार है. होर्मुज को लेकर ईरान से गिफ्ट मिलने का दावा भी ट्रंप ने कर दिया है. अमेरिका एक बार फिर भूमिगत परमाणु हथियारों के परीक्षण पर विचार कर रहा है.

सुप्रीम कोर्ट ने सरकारी संस्थानों और स्कूलों में प्रतिदिन 'वंदे मातरम' गायन अनिवार्य करने के सर्कुलर के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई से इनकार कर दिया है. अदालत ने याचिका को 'प्री-मैच्योर' करार देते हुए स्पष्ट किया कि सरकार की यह गाइडलाइन केवल एक सलाह है और इसके उल्लंघन पर किसी दंडात्मक कार्रवाई का प्रावधान नहीं है.










