
CM भगवंत मान की टॉप पुलिस अफसरों संग मीटिंग, गैंगस्टर-ड्रग नेटवर्क पर एक्शन पर मांगी रिपोर्ट
AajTak
इस बैठक में राज्य की आंतरिक सुरक्षा, अपराध नियंत्रण, ड्रग नेटवर्क और गैंगस्टरिज्म के खिलाफ चल रही कार्रवाइयों की विस्तार से समीक्षा की गई. मुख्यमंत्री को बैठक में बताया गया कि ड्रग तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों के तहत पिछले कुछ वर्षों में अब तक 85,418 ड्रग स्मगलरों को गिरफ्तार किया जा चुका है.
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने राज्य में कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने के उद्देश्य से पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक अहम समीक्षा बैठक की. इस बैठक में राज्य की आंतरिक सुरक्षा, अपराध नियंत्रण, ड्रग नेटवर्क और गैंगस्टरिज्म के खिलाफ चल रही कार्रवाइयों की विस्तार से समीक्षा की गई.
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कानून-व्यवस्था से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और आम जनता की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है. उन्होंने कहा कि पंजाब को नशा-मुक्त और अपराध-मुक्त बनाने के लिए सरकार और पुलिस पूरी तरह समन्वय के साथ काम कर रही है.
मुख्यमंत्री को बैठक में बताया गया कि ड्रग तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों के तहत पिछले कुछ वर्षों में अब तक 85,418 ड्रग स्मगलरों को गिरफ्तार किया जा चुका है. इसके साथ ही NDPS एक्ट के मामलों में सजा मिलने की दर 88 प्रतिशत तक पहुंच चुकी है, जिसे कानून प्रवर्तन एजेंसियों की बड़ी सफलता माना जा रहा है.
गैंगस्टरिज़्म के मुद्दे पर भी मुख्यमंत्री ने सख्त रुख अपनाया. अधिकारियों ने जानकारी दी कि 1 जनवरी 2025 से अब तक 916 गैंगस्टरों की गिरफ्तारी की जा चुकी है. मुख्यमंत्री ने कहा कि अपराधी चाहे कितना भी संगठित या प्रभावशाली क्यों न हों, उन्हें कानून के दायरे में लाकर सख्त कार्रवाई की जाएगी.
भगवंत मान ने पुलिस अधिकारियों से कहा कि नशे और अपराध के खिलाफ लड़ाई सिर्फ पुलिस की नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है. इसके लिए खुफिया तंत्र को और मजबूत करने, सीमावर्ती इलाकों में निगरानी बढ़ाने और युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए जागरूकता अभियानों पर भी जोर दिया गया.

महायुद्ध के 19 दिन हो चुके हैं. मैं इस वक्त इजरायल के तेल अवीव में हूं. आज की रात महायुद्ध में बहुत गंभीर हो सकती है. क्योंकि महायुद्ध अब बेकाबू होने के मोड़ पर पहुंच सकता है. हमारा मकसद डराना नहीं है. ध्यान से इस बात को कहने की वजह समझिएगा. अमेरिका-इजरायल बनाम ईरान की जंग में एक दूसरे पर ताबड़तोड़ वार-पलटवार हो रहे हैं. ताजा खबर ये है कि इजरायल ने ईरान की सबसे बड़े गैस ठिकाने पर हमला किया है. इजरायल ने ये हमला अमेरिका की मदद से किया है. जो दक्षिण पश्चिम ईरान में है.

अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर की NSA अजित डोभाल संग बैठक, डिफेंस-इंटेलिजेंस समेत कई मुद्दों पर हुई बात
अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने बुधवार को भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल के साथ बैठक की, जिसमें हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सुरक्षा और रणनीतिक सहयोग पर चर्चा हुई. दोनों देशों ने डिफेंस, इंटेलिजेंस और टेक्नोलॉजी में साझेदारी मजबूत करने पर जोर दिया.

ईरान अपने सुरक्षा प्रमुख की मौत के शोक में डूबा हुआ है और इंतकाम की कसमें खा रहा है. उधर इजरायल और अमेरिका इस उम्मीद में हैं कि उसने ईरान के तमाम बड़े नेता, कमांडर और प्रमुख मार दिए हैं, तो अब ईरान सरेंडर करेगा. लेकिन ईरान सरेंडर के मोड में नहीं है. इस बीच दुनिया हैरान है कि जब इजरायल और अमेरिका इतने हमले कर रहा है तो ईरान के सुरक्षा प्रमुख खुद को सुरक्षित क्यों नहीं रख पाए. इजरायल ने कैसे अली लारीजानी को मारा.

जैसे जैसे अमेरिका, इजरायल और ईरान का युद्ध आगे बढ़ रहा है वैसे वैसे तबाही की तस्वीरें सामने आ रही हैं, एक तरफ अमेरिका और इजरायल ईरान को निशाना बना रहे हैं उनके शहरों में धमाके कर रहे हैं. दूसरी ओर ईरान भी पलटवार कर रहा है. लेकिन आज सुबह इजरायली हमले के बाद बेरूत का रिहायशी इलाका कब्रगाह में बदल गया और चीख पुकार मचने लगी, इजरायल ने बेरूत में 22 मंजिला इमारत को निशाना बनाया गया.

दिल्ली-एनसीआर में पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम अचानक बदल गया है. ठंडी हवाएं, बादल और हल्की बारिश से तापमान में गिरावट आई है और लोगों को गर्मी से राहत मिली है. मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक हल्की बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का अनुमान जताया है. गुरुवार और शुक्रवार के लिए येलो अलर्ट जारी है. तापमान 27 से 31 डिग्री के बीच रह सकता है और 21 मार्च के बाद मौसम धीरे-धीरे साफ होगा.

16 मार्च को वाराणसी में गंगा में नाव पर इफ्तार पार्टी मनाना कुछ मुस्लिम युवकों को महंगा पड़ गया. बीजेपी और हिंदूवादी संगठन का आरोप है कि, इन लोगों ने रोजा इफ्तार पार्टी करने के बाद गंगा नदी में बिरयानी और हड्डियां फेंक दीं. जैसे ही स्थानीय बीजेपी नेता की ओर से इन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई, पुलिस हरकत में आई और आनन फानन में 14 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. अब संत समाज और बीजेपी इसे हिंदुओं के खिलाफ सोची समझी साजिश करार दे रहे हैं तो विपक्ष पूछ रहा है कि, गंगा में इफ्तार पार्टी करने से कौन सा कानून तोड़ा गया जो पुलिस ने इन लोगों को गिरफ्तार कर लिया. सवाल है कि, ये कौन लोग हैं जिन्हें यूपी की अमन शांति रास नहीं आ रही.

जेडीयू नेता केसी त्यागी ने पार्टी की सदस्यता का नवीनीकरण न कराकर अपने राजनीतिक रुख को स्पष्ट कर दिया है. उनके इस कदम को बिहार की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों और नेतृत्व परिवर्तन की संभावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है. साथ ही, पार्टी के भीतर नई पीढ़ी के उभार और पुराने नेताओं की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं.






