
'Akhilesh Yadav को ट्रेनिंग तो हम ही ने दी है,' देखें ऐसा क्यों बोले Shivpal Yadav
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उत्तर प्रदेश के चुनावी समर में अखिलेश यादव हर दांव आजमा रहे हैं, वो छोटे-छोटे दलों से गठबंधन करके अपनी शक्ति को बढ़ाने में लगे हैं, इसी कड़ी में उन्होंने पुराने बैर भाव को भुलाकर चाचा शिवपाल के साथ भी गठबंधन कर लिया. इसी को लेकर प्रगतिशील समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव ने आजतक से खास बातचीत की. इस दौरान शिवपाल ने सीटों के बंटवारे पर अखिलेश से क्या बात हुई, ये भी बताया. बातचीत के दौरान सियासी दांव-पेंचों की जब बात हुई तो शिवपाल यादव ने कहा कि अखिलेश को उन्होंने ही तो ट्रनिंग दी है. आप भी देखें क्या बोले शिवपाल.

आज सबसे पहले आपको ये बताएंगे कि हाफ सीजफायर' के बाद अमेरिका की बातचीत ईरान के किस Respected Leader से चल रही है. डोनाल्ड ट्रंप बार-बार इस बात का दावा कर रहे हैं. लेकिन आज ईरान ने पूछा है कि वो Respected Leader कौन है. और Respected Leader से बातचीत चल रही है तो पाकिस्तान के जरिये 15 शर्तों का प्रस्ताव क्यों भेजा है. उससे भी बड़ी बात ये है कि ईरान ने अमेरिका के प्रस्ताव को कूड़ेदान में फेंकते हुए सुपर पावर अमेरिका को अपनी शर्तें बता दी हैं. और कहा है कि सीजफायर छोड़ो, अब ईरान तभी रुकेगा जब अमेरिका उसकी 5 शर्तें मानेगा. इन शर्तों में ईरान ने कहा कि उसे युद्ध में हुए नुकसान का पूरा हर्जाना मिलना चाहिए. ईरान की टॉप लीडरशिप पर हमले बंद होने चाहिए, सारे प्रतिबंध हटाए जाने चाहिए. ईरान को स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज का कानूनी अधिकार मिलना चाहिए.

आज विशेष में बात इजरायल की. जहां ईरान के हमलों की इंटेंसिटी बढ़ी हुई है. ईरान लगातार इजरायल पर मिसाइल और ड्रोन से अटैक कर रहा है. लेकिन इजरायल ने अपना सिस्टम ही ऐसा डेवेलप किया हुआ है कि ईरान के भीषण हमलों के बाद भी इजरायल में इतना नुकसान नहीं हो रहा है. भले ही ईरान के हमलों में इमारतें तबाह हो रही हों, गाड़ियों की क्षति हो रही हो. लेकिन लोगों की जान बची हुई है. इजरायल ने कैसे ईरान के हमलों से बचने की तैयारी की हुई है.

सीजेआई सूर्यकांत एक मामले की सुनवाई के दौरान उस वक्त नाराज हो गए, जब याचिकाकर्ता निखिल कुमार पुनिया के पिता ने CJI के भाई को फोन कर दिया. मामला बौद्ध धर्म अपनाकर अल्पसंख्यक आरक्षण मांगने से जुड़ा है. सुप्रीम कोर्ट पहले ही इसे 'नए तरह का धोखा' बताते हुए जांच के आदेश दे चुका है. सीजेआई ने इसे गंभीर कदाचार मानते हुए अवमानना की चेतावनी दी.










