
15 साल की स्टूडेंट संग महिला टीचर का रिलेशन, यौन संबंध बनाने का आरोप, कोर्ट पहुंचा केस
AajTak
इस टीचर ने अर्जी दाखिल कर खुद को यौन अपराध से जुड़े 17 आरोपों में बेगुनाह बताया है. डिप्टी डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी ने कहा कि अगर वो दोषी साबित होती है, तो उसे 13 साल की जेल हो सकती है.
एक 40 साल की महिला स्कूल टीचर पर आरोप है कि वो अपनी ही स्टूडेंट के साथ रिलेशनशिप में थी. दोनों का रिश्ता तब शुरू हुई, जब इस स्टूडेंट की उम्र 15 साल थी. महिला टीचर का नाम स्टेसी मिशेल वॉकर है. मामला अमेरिका का है. स्टेसी सैन डिएगो सुपीरियर कोर्ट में पेश हुई थी. उसने अर्जी दाखिल कर खुद को यौन अपराध से जुड़े 17 आरोपों में बेगुनाह बताया है.
डिप्टी डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी वैनेसा गेरार्ड ने कहा कि अगर स्टेसी दोषी साबित होती है, तो उसे 13 साल की जेल हो सकती है.डेली स्टार की रिपोर्ट के अनुसार, गेरार्ड ने कहा, 'स्टेसी वॉकर अपनी स्टूडेंट के साथ अनुचित रिलेशनशिप में थी, जब वो (स्टूडेंट) 15 साल की थी.
अगले दो साल में वो रिश्ता यौन संबंध में तब्दील हो गया.' गुरुवार को सैन डिएगो पुलिस ने कहा कि कथित रिलेशनशिप साल 2017 से 2019 तक चला है. लेकिन अभियोजकों ने जो शिकायत दर्ज कराई है, उसमें रिश्ते का वही समय नोट किया गया है, जो 2018 में शुरू हुआ और मई 2019 तक चला है.
20 मार्च को गिरफ्तारी के बाद से स्टेसी लगाकार हिरासत में थी. लेकिन अपराधिक इतिहास नहीं होने और समाज के लिए किए गए कार्यों के चलते उसकी जमानत की रकम भी कम करके 150,000 डॉलर कर दी गई है.
इस मामले में स्टेसी के वकील डेविड बोर्तजे ने कुछ भी कहने से मना कर दिया है. इस हफ्ते की शुरुआत में पुलिस ने आरोप लगाते हुए कहा कि स्टेसी ने अपनी स्टूडेंट से जब बात करना शुरू किया, तब वो 15 साल की थी.
ये रिलेशनशिप तस्वीरें, वीडियो और टेक्स्ट शेयर करने से शुरू हुआ. दोनों की कई बार मुलाकात हुई और इनके बीच यौन गतिविधियां भी हुईं. ऐसा तब तक होता रहा, जब तक स्टूडेंट 18 साल की हो गई.

सैकड़ों साल पहले तबाह हो चुके एक रोमन शहर की दीवार पर करीब 2000 साल पुराने लव लेटर्स लिखे हुए मिले हैं. यह खोज आज की उन्नत और आधुनिक तकनीक का नतीजा है. क्योंकि, जिस दीवार पर ये ग्रैफिटी बने थे, वो काफी पहले खुदाई में मिल गए थे, लेकिन उन पर उकेरे गए भित्तिचित्रों को समझना मुश्किल था. अब जाकर पुरातत्वविदों को इसका मतलब पता चला है.

Shani Nakshatra Gochar 2026: शनि जब रेवती नक्षत्र में प्रवेश करते हैं, तो इसका प्रभाव धीरे-धीरे लेकिन गहराई से देखने को मिलता है. रेवती नक्षत्र मीन राशि का अंतिम नक्षत्र माना जाता है और इसका स्वामी बुध ग्रह है. इसलिए इस अवधि में सोच-समझ, योजना, संवाद और निर्णय क्षमता से जुड़े मामलों में खास बदलाव दिखाई दे सकते हैं.

Aaj 20 February 2026 का पंचांग (Aaj ka Panchang): 20 फरवरी 2026, दिन- शुक्रवार, फाल्गुन मास, शुक्ल पक्ष, तृतीया तिथि 14.38 बजे तक फिर चतुर्थी तिथि, उत्तर भाद्रपद नक्षत्र 20.07 बजे तक रेवती नक्षत्र, चंद्रमा- मीन में, सूर्य- कुंभ में, अभिजित मुहूर्त- दोपहर 12.12 बजे से दोपहर 12.58 बजे तक, राहुकाल- सुबह 11.10 बजे से दोपहर 12.35 बजे तक, दिशा शूल- पश्चिम.










