
'मैं ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नॉमिनेट करूंगी, लेकिन एक शर्त...', बोलीं हिलेरी क्लिंटन
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हिलेरी क्लिंटन ने कहा कि ईमानदारी से कहूं तो वह (ट्रंप) इस भयानक रूस-यूक्रेन युद्ध को खत्म कर सकते हैं, लेकिन वह इसे इस तरह खत्म करें कि यूक्रेन को आक्रामक देश (रूस) के लिए अपनी जमीन न छोड़नी पड़े, तो मैं उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नॉमिनेट कर दूंगी.
अमेरिका की पूर्व विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन ने कहा कि अगर ट्रंप रूस-यूक्रेन युद्ध को इस तरह खत्म कर दें कि यूक्रेन को रूस के लिए अपना कोई भी इलाका न छोड़ना पड़े, तो वह उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नॉमिनेट कर देंगी.
न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक हिलेरी ने ये बयान 'रेजिंग मॉडरेट्स' पॉडकास्ट में इंटरव्यू के दौरान दिया. हिलेरी ने कहा कि ईमानदारी से कहूं तो वह (ट्रंप) इस भयानक युद्ध को खत्म कर सकते हैं, अगर वह इसे इस तरह खत्म कर दें कि यूक्रेन को आक्रामक देश (रूस) के लिए अपनी जमीन न छोड़नी पड़े और पुतिन के सामने मजबूती से खड़े हो सकें, जो हमने अब तक नहीं देखा. लेकिन शायद यह मौका है. अगर राष्ट्रपति ट्रंप इसके आर्किटेक्ट बनते हैं, तो मैं उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नामित करूंगी. उन्होंने आगे कहा कि मेरा मकसद ये है कि पुतिन के सामने किसी तरह की हार मानने की स्थिति न आए.
क्लिंटन का ये बयान उस वक्त आया जब ट्रंप रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ अलास्का में होने वाली ऐतिहासिक वार्ता के लिए यात्रा कर रहे थे. इस बैठक का उद्देश्य तीन साल से जारी रूस- यूक्रेन युद्ध को खत्म करने का रास्ता निकालना है. ट्रंप ने कहा कि उन्हें लगता है पुतिन समझौता करना चाहते हैं और उनके हिसाब से इस प्रयास के असफल होने की संभावना सिर्फ 25% है.
ट्रंप ने 2016 के राष्ट्रपति चुनाव में हिलेरी को हराया था.चुनाव प्रचार के दौरान हिलेरी ने ट्रंप के समर्थकों को 'बास्केट ऑफ डिप्लोरेबल्स' कहा था और उन्हें 'सिर्फ अनुभवहीन नहीं, बल्कि राष्ट्रपति पद के लिए स्वभाव से भी अनुपयुक्त' बताया था. उन्होंने उस समय ट्रंप द्वारा पुतिन की प्रशंसा की भी आलोचना की थी, जो रूस के यूक्रेन पर हमले से कई साल पहले की बात है.

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