
महाराष्ट्र के ठाणे में चार बांग्लादेशी गिरफ्तार, चार सालों से भारत को बना रखा था अपना ठिकाना
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महाराष्ट्र के ठाणे से पुलिस ने चार बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया है. पकड़े गए सभी विदेशी नागरिक बीते चार सालों से अवैध रूप से यहां रह रहे थे. इनकी मदद करने के आरोप में एक अन्य शख्स को भी गिरफ्तार किया गया है. इससे पहले जून महीने में मुंबई एटीएस ने भी बांग्लादेशी नागरिकों को पकड़ा था जिन्होंने भारत का फर्जी दस्तावेज बनवाकर वोट भी दिया था.
महाराष्ट्र के ठाणे में अवैध रूप से रह रहे चार बांग्लादेशी नागरिकों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. इस मामले को लेकर ठाणे पुलिस के एक अधिकारी ने शनिवार को कहा कि बिना वैद्य दस्तावेज के देश में रहने के कारण चार बांग्लादेशी नागरिकों को पकड़ा गया है जबकि एक व्यक्ति को उनकी मदद करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है.
मानपाड़ा पुलिस स्टेशन के अधिकारी ने बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान लकी नजरूल शेख (35), मोहम्मद शबीर हुसैन (30), रुकसाना तौसीफ शेख (45) और तौसीफ फिराज शेख (50) के रूप में की है. वहीं पकड़े गए उनके मदद का नाम आमिर है जो कोनगांव में रहत है.
इसको लेकर वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, 'हमने शुक्रवार को कल्याण के पिसावली में एक फ्लैट पर छापेमारी के बाद बांग्लादेशी नागरिकों को पकड़ लिया. वो 2020 से बिना वैद्य दस्तावेज के रह रहे थे.
यह जानने के बावजूद कि ये लोग बांग्लादेश से हैं उनमें से एक को सिम कार्ड और किराए पर एक घर भी दिलवाया, उन पर विदेशी अधिनियम और पासपोर्ट (भारत में प्रवेश) अधिनियम के तहत आरोप लगाए गए हैं.'
इससे पहले बीते जून महीने में भी मुंबई में अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों को पकड़ गया था. जिन आरोपियों को पकड़ा गया था वो ना सिर्फ अवैध तरीके से रह रहे थे बल्कि वहां अपने दस्तावेज भी बनवा रहे थे. ऐसे चार विदेशी नागरिकों को एटीएस ने गिरफ्तार किया था. चारों ही बांग्लादेश के मूल निवासी थे और मुंबई में अवैध तरीके से रह रहे थे. इन लोगों ने यहां फर्जी डॉक्यूमेंट भी बनावा रखा था और इस लोकसभा चुनाव में इन लोगों ने मतदान भी किया था. इनके साथ पांच लोग और थे जो छापा पड़ने से पहले ही फरार हो गए थे.

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