
महायुति में सब ठीक नहीं? BJP और शिवसेना में तनाव के बीच अमित शाह से मिले डिप्टी सीएम शिंदे
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महाराष्ट्र में शिवसेना शिंदे गुट से बीजेपी में बड़ी संख्या में लोगों के आने से शिवसेना शिंदे गुट में इस समय असंतोष है. शिवसेना शिंदे गुट के मंत्रियों ने कैबिनेट बैठक का बहिष्कार भी किया था.
ऐसा लग रहा है कि महाराष्ट्र में सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन में सबकुछ ठीक नहीं चल रहा? महायुति में मनमुटाव की खबरों के बीच महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की.
एकनाथ शिंदे ने आज दिल्ली में अमित शाह से मुलाकात की. इस बीच दोनों के बीच लगभग 50 मिनट तक बातचीत हुई, जिसमें महाराष्ट्र की राजनीतिक स्थिति पर चर्चा हुई. रिपोर्ट्स के मुताबिक, शिंदे ने महायुति की सहयोगी पार्टियों के बीच विशेष रूप से स्थानीय निकाय चुनावों से पहले खरीद-फरोख्त की राजनीति की वजह से उपजे तनाव की जानकारी दी.
सूत्रों के मुताबिक, दोनों के बीच चर्चा का मूल केंद्र ये था कि विधानसभा चुनाव में जीत के बाद गठबंधन के लिए माहौल बेहद अनुकूल है, लेकिन कुछ नेताओं के कदम इस माहौल को खराब कर रहे हैं. इससे विपक्ष को फायदा मिल रहा है. कार्यकर्ताओं एवं पदाधिकारियों में अनावश्यक भ्रम पैदा हो रहा है और परस्पर विरोधी खबरें आ रही हैं, जिससे गठबंधन की जीत की गति पटरी से उतर सकती है.
शिंदे ने जोर दिया कि निजी स्वार्थ के लिए काम करने वाले नेताओं के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए ताकि ऐसे कदम पूरी तरह रुक जाएं. उन्होंने जोर देकर कहा कि गठबंधन के नेताओं को एक-दूसरे की आलोचना करने से बचना चाहिए और अपने बयानों में धैर्य व संयम बरतना चाहिए.
बता दें कि 18 नवंबर को महाराष्ट्र कैबिनेट की बैठक में एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के कई मंत्री गैरहाजिर रहे थे. इस गैरहाजिरी ने बायकॉट की अटकलों को हवा दी थी. हालांकि, डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे इस बैठक में मौजूद थे. लेकिन बैठक के बाद शिवसेना के मंत्रियों ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात कर अपनी नाराजगी साफतौर पर जाहिर की थी.
शिवसेना नेताओं ने आरोप लगाया कि आगामी स्थानीय निकाय चुनाव से पहले BJP उनके डोंबिवली क्षेत्र के स्थानीय नेताओं की खरीद-फरोख्त कर रही है. यह बात शिंदे गुट को बेहद खल गई और उन्होंने इसे गठबंधन की आत्मा के खिलाफ बताया.

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